फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

महाशिवरात्रि के दिन पड़ रहा है सर्वार्थ सिद्धि योग, भूलकर भी ना करें यह गलतियां

Tue, 06 Feb 2018 04:58 AM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
विज्ञापन
1 of 4
श‌िवल‌िंग पूजा
भगवान भोले का पर्व महाशिवरात्रि 13 फरवरी को मनाया जाएगा। धर्म सिंधु के अनुसार शिवरात्रि सदैव अर्द्ध रात्रि को ही मानी जाती है। इस बार 12 फरवरी को रात 8:07 बजे से त्रयोदशी यानी प्रदोष लग रहा है जो 13 फरवरी को रात 10:38 बजे तक रहेगा। ऐसे में 13 फरवरी को महाशिवरात्रि पर्व सर्वार्थ सिद्धि योग में होगा। 
 
विज्ञापन

13 को मनाई जा रही है महाशिवरात्रि

2 of 4
पूजन करती मह‌िलाएं
पंडित केए दुबे पद्मेश के मुताबिक महाशिवरात्रि वाराणसी में 13 को मनाई जा रही है, जबकि अन्य स्थानों पर उदयातिथि के अनुसार 14 फरवरी को यह पर्व मनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि हर मास के कृष्ण पक्ष में शिवरात्रि पड़ती है, लेकिन महाशिवरात्रि का पर्व साल में एक ही बार मनाया जाता है।

 
विज्ञापन

महाशिवरात्रि के दिन बन रहा है सर्वार्थ सिद्धि योग

3 of 4
श‌िवल‌िंग पर चढ़ता दूध
डा. आदित्य पांडेय ने बताया कि महाशिवरात्रि श्रवण नक्षत्र और सिद्ध योग में होगी। इसके चलते यह सर्वार्थ सिद्धि योग बन रहा है। महाशिवरात्रि के दिन रात में पूजन और अभिषेक का महत्व होता है। धर्म सिंधु के अनुसार शिवरात्रि सदैव अर्द्ध रात्रि को ही मानी जाती है। ऐसी मान्यता है कि इस दिन भगवान शंकर का विवाह माता पार्वती से हुआ था। इसलिए इस दिन पूजन का विधान रात में ही माना जाता है।

 
विज्ञापन

धर्म सिंधु के अनुसार शिव रात्रि अगर रविवार एवं मंगलवार को सर्वोत्तम है

4 of 4
श‌िवल‌िंग पूजन
निर्णय सिंधु, पुरुषार्थ चिंतामणि आदि ग्रंथ भी इस मत से सहमत है। ऐसे में उदयातिथि न होने के बावजूद शिवरात्रि 13 फरवरी को ही मानी जाएगी। इसी दिन रात 10:35 बजे प्रदोष व्रत भी पूर्ण होगा। 13 फरवरी को ही महाशिवरात्रि मनाना धर्म के अनुसार होगा। धर्म सिंधु के अनुसार शिव रात्रि अगर रविवार या मंगलवार को होती है तो उसे सर्वोत्तम माना गया है।  
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें