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मायावती, अखिलेश, प्रियंका के निशाने पर सांसद सुब्रत पाठक

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कन्नौज। तहसीदार प्रकरण को लेकर भाजपा सांसद सुब्रत पाठक सभी प्रमुख विपक्षी दलों के निशाने पर आ गए हैं। बसपा सुप्रीमो मायावती और सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने तहसीलदार अरविंद कुमार के दलित होने पर जोर देते हुए सत्ताधारी भाजपा की खिंचाई की है। मायावती ने सांसद के विरुद्ध कठोर कार्रवाई पर जोर ंदिया है। कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी ने हमले के शिकार तहसीलदार की मासूम बेटी के मनोभावों के हवाले से घटना पर अफसोस जताया है। प्रमुख दलों के ताजे कमेंट से कन्नौज सांसद बनाम तहसीलदार की जंग में आने वाले दिनों में सियासी पारा और चढ़ने के संकेत साफ हो गए हैं।
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मायावती की ओर से किए गए ट्वीट में कहा गया है कि ‘उत्तर प्रदेश के कन्नौज जिले में ईमानदारी से ड्यूटी कर रहे एक दलित तहसीलदार के साथ अभी हाल ही में वहां के बीजेपी सांसद ने जो मारपीट व दुर्व्यवहार आदि किया है, अति शर्मनाक है। लेकिन दुख की बात यह है कि सांसद अभी भी जेल में जाने की बजाय बाहर ही घूम रहा है, जिससे पूरे प्रदेश में दलित कर्मचारियों में जबरदस्त रोष व्याप्त है। ऐसे में मुख्यमंत्री को चाहिए कि वे इस मामले में जरूर सख्त कदम उठायें ताकि यह सांसद आगे कभी भी ऐसी हरकत न कर सके। साथ ही पूरे प्रदेश में, खासकर दलित कर्मचारियों के साथ आगे ऐसा कोई भी बर्ताव न हो तो इसके लिए भी इनको अपने इस सांसद के विरुद्ध तुरंत कठोर कार्रवाई करनी चाहिए। बीएसपी की यह मांग है।’
कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी ने अमर उजाला में छपी खबर व फोटो को आधार बनाकर फेसबुक पर पोस्ट की है। प्रियंका ने लिखा है, ‘भाजपा सांसद द्वारा कन्नौज के एक तहसीलदार पर किए गए हमले के बाद तहसीलदार की बेटी सहमी हुई है। इस खबर ने बड़ा दुखी कर दिया। ये बच्ची देखती होगी कि जब सब घर पर हैं तब उसके पिता काम पर जा रहे हैं और फिर उसने अपने पिता पर हमला होते देखा। अत्यंत निंदनीय।’
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अखिलेश यादव ने बृहस्पतिवार के ट्वीट में लिखा है, सत्ता पक्ष का सांसद एक दलित अधिकारी को मारे या उनका कार्यकर्ता किसी डॉक्टर को, तब भी कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। न ही विपक्ष के नेताओं के बारे में फर्जी खबर फैलाने वालों के खिलाफ। वहीं आईएएस व आईपीएस की आपसी छींटाकशी को लेकर भी सरकार सुविधानजक चुप्पी साधे है।
इससे पहले अखिलेश यादव ने बुधवार को किए ट्वीट में सांसद सुब्रत पाठक पर रासुका लगाने की मांग की थी। मंगलवार को घटना के कुछ समय बाद ही कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से सांसद के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी।
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