नगर निगम विद्यालयों के शिक्षकों की मांगें पूरी नहीं होने पर सोमवार को उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने मोतीझील प्रांगण में भूख हड़ताल की।
भूख हड़ताल पर बैठीं टीचर रीता, कुमुदिनी, मीना श्रीवास्तव, पुष्पा दीक्षित और रमन सेंगर ने बताया कि 20 साल नौकरी करने के बाद भी उन्हें छह से सात हजार रुपये ही वेतनमान मिल रहा है, जबकि नगर निगम के सफाई कर्मचारियों का वेतन 17-18 हजार रुपये है। 1996 से पहले नियुक्त टीचरों को विनियमित करने का शासनादेश भी नहीं माना जा रहा है।
संघ के महामंत्री हरिश्चंद्र दीक्षित ने बताया कि अनुदान पाने वाले नगर निगम के सात विद्यालयों के भी टीचरों की हालत अच्छी नहीं है। उन्होंने बताया कि इन विद्यालयों का करीब 29 करोड़ रुपये शिक्षा विभाग में बकाया है। मामले में महापौर कैप्टन जगतवीर सिंह द्रोण ने अधिकारियों से बात कर समाधान कराने का आश्वासन दिया है।