कन्नौज में लॉकडाउन के दौरान ड्रोन से निगरानी
- फोटो : amar ujala
कोरोना संक्रमण से बचाव के चलते पूरे देश में लॉकडाउन का दूसरा चरण शुरू हो गया है। लॉकडाउन की वजह से मजदूरी बंद होने के बाद कस्बे के एक परिवार में तीन दिन से चूल्हा नहीं जला है। परिवार ने मदद की आस में कई दरवाजे खटकाए पर कोई भी मदद के लिए आगे नहीं आया।
परिवार के सदस्यों का कहना है कि जल्द मदद नहीं मिली तो वह आत्मदाह कर लेंगे। राजेंद्र कुमार सक्सेना पत्नी नीरज व बच्चों के साथ कस्बे में रहते हैं। यह मूल रूप से मैनपुरी जनपद के निवासी हैं। विशुनगढ़ में मजदूरी करते हैं।
लॉकडाउन के चलते मजदूरी मिलनी बंद हो गई है। घर में राशन न होने से तीन दिन से चूल्हा नहीं जला। परिवार ने 1076 व 112 पर फोन कर मदद मांगी। कोई सामने नहीं आया। परिवार के सदस्यों का कहना है कि खाने के लिए सामग्री नहीं मिली तो आत्मदाह कर लेंगे।
इस संबंध में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अखिलेश राजपूत का कहना है कि लॉकडाउन जारी रहने तक परिवार को सुबह-शाम खाना उपलब्धकराया जाएगा। इसके अलावा और भी जरूरतें पूरी की जाएंगी।