लाॅक डाउन में फंसे लोगों की तरह- तरह की दिक्कतें भी सामने आने लगी हैं। जमशेदपुर झारखंड निवासी प्रेम प्रतीक यहाँ कल्याणपुर क्षेत्र में अपने रूम मेट के साथ कुछ समय से रहा था। बुधवार को अचानक वह परेशान उठा, और पुलिस के पास पहुंच कर किसी भी सूरत में उसे अपने घर भिजवाने की गुहार लगाने लगा।
इस बीच जब पुलिस ने उससे पूछताछ की तो पता चला कि प्रेम प्रतीक लखनऊ स्थित एक मैनेजमेंट कॉलेज से मैनेजमेंट का कोर्स कर रहा था। वह लखनऊ से किसी तरह कानपुर पहुंचा तो उसने अपने कल्याणपुर स्थित एक मित्र को फोन कर अपनी दिक्कत बताएं तब उसके मित्र ने उससे अपने पास ही रख लिया।
कई दिनों के बाद उसे पता चला कि जिस मित्र के साथ रह रहा है, उसने कुछ दिन पहले ही अपना धर्म परिवर्तन कर लिया था। अब प्रतीक पर भी वह धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बना रहा था। जिसकी वजह से वह परेशान हो गया। मामला पुलिस के पास आने पर दोपहर के समय वहां काफी जमावड़ा इकट्ठा हो गया।
इसी बीच संघ के कुछ स्वयंसेवकों ने आगे आकर प्रेम प्रतीक को रावतपुर स्थित बिरसा मुंडा हॉस्टल में तब तक रहने की व्यवस्था कराने को कहा, जब तक लॉक डाउन चल रहा है। उसके बाद स्वयंसेवकों ने ही यह जिम्मेदारी ली है कि उसे उसे परिवार के पास जमशेदपुर भेजने का इंतजाम किया जाएगा।
इस संबंध में प्रेम प्रतीक ने बताया कि जब उसे पता चला कि उसका रूममेट अपना धर्म परिवर्तन कर चुका है तो, उसे उसके साथ रहने में घबराहट होने लगी। इसी वजह से वह परेशान होकर पुलिस के पास गया। उसके अनुसार लाक डाउन के दौरान शुरू में उसने अपने घर जाने के लिए ट्रेन रिजर्वेशन कराया था लेकिन अचानक सभी ट्रेनों को बंद करने का आदेश जारी होने के बाद यहां आकर फंस गया है।