आईआईटी कानपुर ने अपने उन पचास पूर्व छात्रों की सूची जारी की है जिन्होंने अपने कार्य से शानदार मुकाम हासिल किया है। इस सूची में इंफोसिस के संस्थापक एनआर नारायण मूर्ति पहले स्थान पर हैं।
मूर्ति 1969 के पास आउट हैं। दूसरे नंबर पर पीके केलकर और तीसरे स्थान पर अशोक झुनझुनवाला हैं। आरबीआई के पूर्व गवर्नर डी. सुब्बाराव का नाम इस सूची में 16 वें स्थान पर है।
यह पहला मौका है, जब आईआईटी ने पूर्व छात्रों की सूची, उनके समाज में योगदान और परफार्मेंस को लेकर जारी की है। डीन ऑफ फैकल्टी प्रो. मणींद्र अग्रवाल का कहना है कि यहां से पढ़कर निकलने वाले इन छात्रों ने आईआईटी का गौरव बढ़ाया है।
पहले रोजगार विकसित किया, फिर लोगों को रोजगार देकर देश, समाज को आगे बढ़ा रहे हैं। इसलिए इनको यह मान दिया गया है। इस सूची में कुछ पूर्व छात्र ऐसे भी हैं, जिनका निधन हो चुका है।
सूची में इनके नाम शामिल
एनआर नारायण मूर्ति, पीके केलकर, अनिल अग्रवाल, अशोक झुनझुनवाला, सत्येंद्र कुमार दुबे, अशोक सेन, सतीश कुमार कौरा, बलराम पदमनाभन, राजीव मोटवानी, पीडी राय, अभय भूषन, मणींद्र अग्रवाल, संजय गोविंद धांडे, उमंग गुप्ता, शांतनु श्रीवास्तव, डी. सुब्बाराव, श्रीश जाधव,
राकेश गंगवाल, अरविंद, एचसी वर्मा, बलवीर सिंह, मुक्तेश पंत, सुधीर व्यास, अनिल चोपड़ा, यशवंत कानेतकर, अंजली जोशी, सोम मित्तल, अशोक मिश्रा, मृगंका सूर, पवन गोयनका, प्रदीप सिंह संधू, पवन कुमार, प्रभाकर गोयल,
राजीव संगल, नितिन सक्सेना, रवि सेठी, अंबुज गोयल, जितेंद्र मलिक, नीरज कायल, राजेंद्र सिंह, सौरभ श्रीवास्तव, विजय राघवन, अनुपम खन्ना, ललित जलान,
सिराज मिनवाला, ललित किशोर चौधरी, जगजीत सिंह बिंद्रा, संजीव सहाय, अनिल केजरीवाल, आशीष गुप्ता, डीवी कालरा और धर्म वीर।
आईआईटी की एलमनाइ मीट 23 को
आईआईटी की एलमनाइ मीट (पूर्व छात्र सम्मेलन) 23, 24 दिसंबर को होगी। इसमें 25 साल पहले बीटेक करने वाले स्टूडेंट्स को बुलाया गया है। अमेरिका से विनय गुलाटी सहित तमाम आईआईटियंस कानपुर आ रहे हैं।
विनय कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग के स्टूडेंट्स रहे हैं। अब वेटर इंडिया टूमारो पर काम कर रहे हैं।