कानपुर। बिरहाना रोड स्थित लक्ष्मी फार्मा के संचालक राहुल अग्रवाल के खिलाफ अब नशीली दवाओं की खरीद-बिक्री के मामले में भी जांच हो रही है। पंजाब पुलिस और ड्रग विभाग की टीम ने राहुल की फर्म व घर पर अक्तूबर में छापा मारा।
यहां से पांच लाख रुपये की नकली दवाएं, प्रिंटर, दवाओं के रैपर, बैच नंबर, एक्सपायरी तिथि व एमआरपी डालने वाला एक मिनी पोर्टेबल प्रिंटर बरामद हुआ। पंजाब पुलिस राहुल अग्रवाल की बेटी वर्तिका अग्रवाल को अपने साथ ले गई। वर्तिका अभी जेल में ही है।
ड्रग विभाग को मौके पर महाराजपुर स्थित मां दुर्गा मेडिकोज का सुराग मिला था। मां दुर्गा मेडिकोज में नशीली दवाएं खरीदने का पता चला तो टीम ने अक्टूबर में ही यहां छापा मारा तो मेडिकल स्टोर बंद मिला था। संचालक रोहन पचौरी से फोन पर बात हुई लेकिन वह हाजिर नहीं हुआ।
विभाग ने रोहन के खिलाफ एफआईआर कराई। टीम लाइसेंस में लिखे घर के पते पर जांच करने पहुंची तो पता भी फर्जी निकला। थोक दवा व्यापारियों ने बताया कि राहुल और वर्तिका ने रोहन को लालच देकर मेडिकल स्टोर का संचालन करवाया और उसके पीछे नशीली दवाओं का कारोबार करने लगे थे। ड्रग इंस्पेक्टर ओमपाल ने बताया कि कनेक्शन की जांच की जा रही है।