सेन पश्चिमपारा के न्यूआजाद नगर निवासी 30 वर्षीय महिला एक अप्रैल को प्रेमी के साथ चली गई थी। शुक्रवार दोपहर वह एक अधिवक्ता के साथ थाने पहुंच गई। उसने प्रेमी के साथ रहने का बयान दर्ज कराया। उसके तीन साल का बेटा भी है। वह बेटे को पति के पास ही छोड़ गई थी
सूचना मिलते ही मायके पक्ष से मां, भाई करीब एक दर्जन लोगों के साथ थाने पहुंच गए। उन्होंने पति और ससुरालीजनों पर बेटी को घर से भागने का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। इस पर ससुरालीजनों व मायके पक्ष के बीच नोकझोंक होने लगी। पुलिस ने दोनों पक्षों को थाने से बाहर जाने को कहा। मायके पक्ष ने पुलिस पर ससुरालीजनों से रुपये लेने का आरोप लगा दिया। इस पर पुलिस दोनों पक्षों को धक्का देकर थाने से बाहर करने लगी। आरोप है कि मायके पक्ष ने पुलिस से हाथापाई शुरू कर दी। पुलिस ने सख्ती के साथ सभी को थाने गेट से बाहर कर दिया। शनिवार को मायके पक्ष के लोगों ने पुलिस पर पिटाई कर थाने से बाहर करने का आरोप लगाते वीडियो सोशल मीडिया में वायरल कर दिया। वीडियो में थाने गेट पर पुलिस और अन्य लोगों के बीच हाथापाई होते दिख रही है। हालांकि अमर उजाला वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है। वीडियो में मां व भाई ने चौकी इंचार्ज संदीप शर्मा और दरोगा हरवीर सिंह पर लाठी से पीटने का आरोप लगाया है। साथ ही बेटी से जबरन बयान बदलवाने का आरोप लगाया है।
सेनपश्चिम पारा थाना प्रभारी कुशलपाल सिंह ने बताया कि महिला ने खुद आकर प्रेमी के साथ बागेश्वर धाम जाने की बात कही थी। जेवर और बेटे को रखने को लेकर दोनों पक्षों ने थाने में विवाद शुरू कर दिया। इस पर सभी को थाने से बाहर किया था। मारपीट की बात गलत है।