हवा में बनी रहेगी उमस
चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के वरिष्ठ मौसम विज्ञानी डॉ. एसएन सुनील पांडेय ने बताया कि मानसून पूरी तरह सक्रिय है और मौसम प्रणालियों के प्रभाव से बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी आ रही है। धूप न निकलने और बादलों की आवाजाही के कारण हवा में उमस भी बनी रहेगी।
तापमान में आया उतार-चढ़ाव
मौसम के इस मिजाज का असर तापमान पर भी साफ देखने को मिला है। पिछले 24 घंटों के भीतर बादलों और बारिश के चलते अधिकतम तापमान में 3.8 डिग्री सेल्सियस की भारी गिरावट दर्ज की गई है, जबकि बादलों की मौजूदगी के कारण रात का न्यूनतम तापमान 0.2 डिग्री बढ़ गया है।
उमस भरी ठंडक का अहसास
सोमवार को दोपहर के समय हवा में नमी (आर्द्रता) 71 प्रतिशत से बढ़कर सीधे 91 प्रतिशत तक पहुंच गई थी, जिससे उमस भरी ठंडक का अहसास हुआ। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अगले दो-तीन दिनों तक मौसम का मिजाज ऐसा ही बना रहने की संभावना है।