डीसीपी का कहना है कि इस तरह के आंदोलन व बाजार बंदी के पोस्टर आदि छापने से पहले स्थानीय पुलिस को सूचना देनी चाहिए। क्योंकि यह कानून-व्यवस्था से जुड़ा मसला है। इसलिए शंकर के खिलाफ कार्रवाई की गई है।
दबिश जारी, विरोध के बीच पकड़े गए आरोपी
वारदात के बाद से पुलिस उपद्रवियों व साजिशकर्ताओं की धरपकड़ में जुटी है। गम्मू खां के हाते में सोमवार दोपहर को भी दबिश दी लेकिन शातिर अपराधी अफजाल व उसके साथी हत्थे नहीं चढ़े।
वहीं, कंघी मोहाल में नाजिम की ढाल के पास आरोपी कंची को पकड़ने जब पुलिस पहुंची तो भीड़ ने नारेबाजी कर विरोध किया। लेकिन पुलिस उसे हिरासत में लेकर चली गई। हालांकि कंची के चाचा को भीड़ ने छुड़ा लिया। पुलिस अब उसकी तलाश कर रही है। इसी तरह से कई अन्य जगहों पर दबिश के दौरान पुलिस को विरोध झेलना पड़ा।