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Kanpur: प्रतियोगी परीक्षा में नहीं हुआ चयन तो फर्जी अधिकारी बन करने लगा ठगी, जेल भेजा गया आरोपी

Mon, 06 Oct 2025 09:21 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

चकेरी में पकड़ा गया फर्जी आईआरएस अधिकारी जेल भेजा गया। मर्चेंट नेवी की नौकरी छोड़ी थी।
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आरोपी दिव्यांश श्रीवास्तव वर्दी में - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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फर्जी आईआरएस अधिकारी बनकर चकेरी में शराब ठेका दिलाने के नाम पर छह लाख रुपये की ठगी करने के आरोपी दिव्यांश श्रीवास्तव को पुलिस ने सोमवार को जेल भेज दिया। ठग के पास से बरामद कार सीज कर दी गई। पुलिस की पूछताछ में पता चला कि दिव्यांश का प्रतियोगी परीक्षा में चयन नहीं हुआ तो वह फर्जी अधिकारी बनकर लोगों से ठगी करने लगा। प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी से पहले वह मर्चेंट नेवी मुंबई में नौकरी करता था।
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कर्मचारीनगर निवासी हिमांशु सक्सेना ने चकेरी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि श्यामनगर निवासी दिव्यांश श्रीवास्तव से उनकी मुलाकात अगस्त 2023 में हुई थी। आरोपी ने खुद को आईआरएस का अधिकारी बताया था। दिव्यांश भारत सरकार लिखी कार से वर्दी पहनकर चलता और क्षेत्र में राैब गांठता था।

हिमांशु ने आरोप लगाया था कि आरोपी ने उनसे शराब ठेका दिलाने के नाम पर 6 लाख रुपये की ठगी की थी। दिव्यांश अपने परिवार के साथ डी- ब्लॉक श्यामनगर में रहता है। पूछताछ में आरोपी ने पुलिस को बताया कि कुछ साल पहले मर्चेन्ट नेवी में था। नौकरी छोड़ कर सिविल सर्विसेज की तैयारी की लेकिन सिलेक्शन नहीं हो पा रहा था।
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पुलिस गिरफ्त में आरोपी - फोटो : अमर उजाला
आरोपी ने पुलिस को बताया कि उसने आईआरएस विभाग के बारे में और पदों के बारे में जानकारी की थी। रुपयों की जरूरत के चलते फर्जी आईआरएस अधिकारी बनकर ठगी शुरू कर दी। एसीपी चकेरी अभिषेक कुमार पांडे ने बताया कि आरोपी की कार और उसके पास से मिला फर्जी आईकार्ड जब्त किए गए हैं। उसे कोर्ट के आदेश पर जेल भेरा गया है।

 

आरोपी के पास से भारत सरकार लिखी कार बरामद - फोटो : अमर उजाला
आबकारी विभाग में लगवाने का दिया था झांसा
पुलिस के मुताबिक हिमांशु के अलावा उसके दोस्त कृष्णानगर निवासी शिवम गोगिया को ठग दिव्यांश ने आबकारी विभाग में नौकरी लगवाने का झांसा दिया था। इसके चलते आरोपी ने दोनों से रुपयों की ठगी की थी। हिमांशु को ठेके का फर्जी लाइसेंस और शिवम को आबकारी विभाग में नौकरी का फर्जी नियुक्ति पत्र दिया था।

 
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आरोपी का फर्जी आईडी कार्ड - फोटो : अमर उजाला
पुलिसकर्मी को भी दबाव में लेने का प्रयास
पुलिस ने जब रविवार रात आरोपी को हिरासत में लिया तो इस दौरान उसने पुलिसकर्मियों को भी दबाव में लेने का प्रयास किया। ठग ने पुलिसकर्मियों पर दबाव बनाने के लिए उनका ट्रांसफर तक करा देने की धमकी दी। पुलिस कर्मियों से अंग्रेजी में सवाल-जवाब शुरू कर दिया। पुलिस के अनुसार इन पीड़ितों के अलावा कई अन्य से भी आरोपी ने ठगी की है। उनकी जानकारी जुटाई जा रही है।
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