अश्लील वीडियो किशोरी के परिजन को भेज दिया था
पुनर्वास केंद्र में श्यामनगर की एक 17 वर्षीय किशोरी पढ़ाई करती है। वहीं पर 25 साल का एक मानसिक मंदित युवक भी पढ़ता है। वहीं, पर काम करने वाले पूर्व कर्मचारी विपिन ने दोनों का एक अश्लील वीडियो वायरल करते हुए किशोरी के परिजन को भेज दिया था। शुक्रवार को किशोरी के परिजन उसे लेकर सीपी कार्यालय पहुंचे थे।
युवक का दिमाग 7.5 साल के बच्चे का बताया गया
किशोरी की मां की तहरीर पर काकादेव पुलिस ने वीडियो वायरल करने वाले आरोपी विपिन के खिलाफ आईटी एक्ट जबकि मानसिक मंदित युवक पर दुष्कर्म और पॉक्सो के तहत प्राथमिकी दर्ज की थी। पुलिस ने विपिन को थाने से नोटिस देकर छोड़ दिया था। वहीं, युवक की मानसिक स्थिति जांचने के लिए परीक्षण कराने वाराणसी पहुंची। एसीपी स्वरूपनगर ज्योतिश्री ने बताया कि युवक का दिमाग 7.5 साल के बच्चे का बताया गया है।
उर्सला अस्पताल में वर्षों पहले हो चुका है परीक्षण
अब पुलिस सिर्फ वीडियो वायरल करने वाले आरोपी के खिलाफ चार्जशीट पेश करेगी। परिजन ने बताया कि उर्सला अस्पताल में युवक का परीक्षण पहले ही कराया जा चुका है। डॉक्टर प्रमाण पत्र जारी कर उसे मानसिक मंदित करार चुके हैं। हालांकि पुलिस ने उर्सला अस्पताल का मेडिकल प्रमाण पत्र मानने से इनका कर दिया था।
युवक की मां बोली, आरोपी कर रहा था ब्लैकमेल
किशोरी और युवक का एक साल बाद वीडियो वायरल करने वाले आरोपी विपिन ने युवक की मां को भी वीडियो भेज धमकाया था। युवक की मां के मुताबिक आरोपी ने व्हाट्सएप कॉल कर ब्लैकमेल करने का प्रयास किया था। हालांकि केंद्र की प्रतिष्ठा के चलते वह चुप रहीं। युवक की मां ने आरोपी के खिलाफ शिकायत करने की बात कही है।