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Kanpur: रुपये देने को लेकर धमका रहे थे, 15 मिस्ड कॉल के बाद सिपाही ने दी जान, बड़े भाई ने पत्नी पर लगाया आरोप

Wed, 03 Dec 2025 03:41 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

Kanpur News: कानपुर में सिपाही मान महेंद्र द्वारा तीसरी बार आत्महत्या किए जाने के मामले में बड़े भाई देवकीनंदन ने पत्नी कविता और ससुराल पक्ष पर रुपये के लिए धमकाने और प्रताड़ना का आरोप लगाया है। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया है।
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जानकारी देते मृतक सिपाही के बड़े भाई - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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पता नहीं क्यों एक महीने से  मेरा सिपाही भाई मान महेंद्र (30) मेरा फोन नहीं रिसीव रहा था। क्या वजह थी... मुझे भी नहीं पता।  लेकिन एक महीने पहले पत्नी और ससुरालीजनों से विवाद हुआ था। इससे वह बहुत परेशान और आहत था। एक माह पहले उसकी पत्नी के घर वाले घर आकर रूपये देने को लेकर धमका गए थे। मंगलवार को भी उसके मोबाइल पर उनकी 15 से ज्यादा मिस्ड कॉल लगी थी। कहीं से भी पैसा लाकर दो।

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पोस्टमार्टम हाउस में रुंधे गले यह आरोप सिपाही मान महेंद्र के बड़े भाई देवकीनंदन ने लगाए हैं। मथुरा के गोवर्धन के ग्राम मदोरा गांव निवासी सिपाही के बड़े भाई ने आरोप लगाया कि 30 नवंबर को मायके पक्ष में शादी थी जिसको लेकर पत्नी कविता लगातार जाने का दबाव बना रही थी। इसको लेकर दोनों में विवाद के बाद मेरे छोटे भाई ने तीसरी बार आत्महत्या का कदम उठाया और जान दे दी।

दोनों में बहुत क्लेश होती
उन्होंने एक गंभीर आरोप यह भी लगाया कि 2024 में छोटे भाई ने आत्महत्या करने का प्रयास किया था। उस दौरान उसने एक पन्ने के सुसाइड नोट भी लिखा था। इसके बाद एक बार फिर दोनों में कलह के कारण जान देने का प्रयास किया था। बड़े भाई और उनके साथ आए परिवारजनों ने पत्नी कविता और मायके पक्ष के लोगों पर प्रताड़ना का आरोप लगाया है। दोनों में बहुत क्लेश होती थी। कल्याणपुर पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया। वह लोग शव लेकर गांव रवाना हो गए।

2024 के सुसाइड नोट में ये था लिखा....जो संदूक से मिला था
मेरे प्यारे-भाई....मुझे माफ करना आज आपका भाई इस दुनिया से जा रहा है दुख मुझे भी है कि आपका साथ और न दे पाया न ही और ना ही दोनों ने पिता से जो वादा किया वो पूरे कर पाए न हीं मां गंगा देवी की सेवा कर पाए। मुझे माफ़ करना मेरी मां ने जिगर तो बहुत बड़ा दिया लेकिन मैं इतना टूट चुका हूं कि एक महीने से नींद चैन सब उड़ चुका है।

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मेरा आप लोगों ने हर परिस्थिति में साथ दिया

मां तेरा बेटा इस दुनिया से जा रहा है।  मां और दोनों बच्चों तेजस मान और दीपान्शु को अपने भाई के हवाले कर रहा हूं... इस जहां में कोई भरोसा नहीं है। मेरा आप लोगों ने हर परिस्थिति में साथ दिया। इस दुनिया में नहीं रहूंगा अपने टाइम में पहले बिदा ले रहा हूं। आपका अपना मान महेंद्र गांव में सबको राम राम, मुस्लिम भाइयों को सलाम करना।

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