फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कानपुर: दो साल पुराने लोन भी जांच के घेरे में लाएगी पुलिस, करोड़ों तक पहुंच सकता है खुलासा, जानें पूरा मामला

Wed, 16 Sep 2026 10:09 AM IST
Himanshu Awasthi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

Kanpur News: कानपुर में एक गरीब ऑटो चालक के नाम पर 80 लाख रुपये का फर्जी लोन कराकर रकम हड़पने के सनसनीखेज मामले में पुलिस की जांच तेज हो गई है। पुलिस अब दो साल पहले इसी तरह लोन लेने वाले 10-12 अन्य संदिग्ध लोगों की कुंडली खंगाल रही है। पुलिस को अंदेशा है कि यह फर्जीवाड़ा महज 80 लाख का नहीं, बल्कि कई करोड़ों का बड़ा बैंक घोटाला हो सकता है।
विज्ञापन
पुलिस की गिरफ्त में आरोपी - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कानपुर में ऑटो चालक के नाम पर 80 लाख का लोन कराकर रकम हड़पने के मामले में पुलिस की जांच तेज हो गई है। पुलिस अब वर्ष 2024 में लोन कराने वाले उन 10-12 लोगों का भी पता कर रही है। इनके आधार, मोबाइल नंबर व अन्य जरूरी कागजात शिवम ने सीए राहुल और बैंक अधिकारियों कुमार पवन व ज्ञानेंद्र को सौंपे थे। सभी लोगों को भी बुलाया जाएगा, ताकि पता चल सके कि उन लोगों ने वाकई कोई उद्यम लगाए हैं या फिर लोन की रकम का बंदरबांट किया।

विज्ञापन

सभी बिंदुओं की जांच की जाएगी। पुलिस का मानना है कि यदि वाकई शिवम की तरह किसी का कोई उद्यम नहीं मिला तो घोटाला करोड़ों का हो सकता है। इधर, पुलिस ने मंगलवार को उस कंपनी हैटल के अधिकारियों से संपर्क किया जिनके पास बैंक ने मशीन की खरीद के लिए सीधे रकम भेजी थी। कंपनी के अधिकारियों ने पुलिस को बताया कि खाते में रुपये आए थे। जो जरूरी मशीन मांगी गई थीं वो कंपनी की ओर से भेजी भी गई थीं।  मशीनें किसने रिसीव की, इसकी जानकारी वाले कागज पुलिस बुधवार को देखेगी।

कल्याणपुर थाने में दर्ज की गई थी प्राथमिकी
जांच में यह भी सामने आया है कि कुछ समय तक लोन की किस्त भी जमा की गई। पता किया जाएगा कि किस्त किसने और कब तक जमा की। बता दें कि सोमवार को पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल के कार्यालय पहुंचकर विनायकपुर निवासी ऑटो चालक ने सीए राहुल, इंडियन बैंक के अधिकारी ज्ञानेंद्र व कुमार पवन पर धोखाधड़ी कर 80 लाख का लोन कराने का आरोप लगाया था। इस पर सीपी के आदेश पर एक जीएसटी और तीन बैंक अधिकारियों समेत नौ लोगों के खिलाफ कल्याणपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई थी।

लोन के सभी कागजों में शिवम के ही हस्ताक्षर
पुलिस ने बताया कि अब तक के लोन संबंधी जितने भी कागज देखे गए हैं सभी में ऑटो चालक शिवम के ही हस्ताक्षर मिले हैं। इस बारे में शिवम का कहना है कि उसने 10 लाख के लोन के कागज पर हस्ताक्षर किए थे लेकिन रकम कैसे बढ़ गई उसे नहीं पता। किस्त कौन भर रहा था इसकी भी उसे कोई जानकारी नहीं है। पुलिस का कहना है कि शिवम की जिस प्रापर्टी पर फर्म स्थापित होना दिखाया गया है। उसके भी कागजात निकलवाए जाएंगे। शिवम की मां की जगह किसने लोन संबंधी कागजों पर हस्ताक्षर किए हैं इसका पता किया जाएगा।
विज्ञापन

मामले की जांच में कई बातें सामने आ रही हैं। लोन 80 लाख का था या 48 लाख का यह देखा जा रहा है। बुधवार को हैटल कंपनी मशीन रिसीविंग के कागजात दिखाएगी। इसके अलावा जीएसटी अधिकारियों से भी बात की जाएगी।  -एसएम कासिम आबिदी, डीसीपी पश्चिम
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें