http://
पुलिस मुठभेड़ में हुआ गिरफ्तार
बता दें कि काकादेव के ओम चौराहे पर कारोबारी अमित कुमार की ईंट पत्थर से कूंचकर हत्या करने के आरोपी नवाबगंज थाने के हिस्ट्रीशीटर संजय सिंह चौहान उर्फ संजय ढाबा को पुलिस ने रविवार शाम मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया। पनकी-सचेंडी बॉर्डर पर मुठभेड़ के दौरान पुलिस की गोली उसके दोनों पैरों में लगी।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल किया था
पुलिस की पूछताछ में उसने बताया कि गिरफ्तारी से बचने के लिए गैंगस्टर के आरोपी अवनीश दीक्षित की सलाह पर उसने खुद को निर्दोष बताते हुए सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल किया था। नवीननगर पुरानी बस्ती निवासी अमित कुमार पांच सितंबर की रात 11:30 बजे अपनी सुधा मार्केट के बाहर पानी पीने रहे थे। तभी ओम चौराहे पर शास्त्रीनगर का पेशेवर अपराधी हिस्ट्रीशीटर हितेंद्र श्रीवास्तव उर्फ मोनू नेता, कुशल श्रीवास्तव, संजय सिंह ढाबा, अश्विनी यादव शराब के नशे में गालीगलौज कर रहे थे।
ईंट-पत्थर से सिर कूंच दिया था
हिस्ट्रीशीटर ओम चौराहे पर बीचोंबीच पेशाब करने लगा। अमित ने विरोध किया, तो आरोपियों ने अमित को घसीटकर पीटते हुए ईंट-पत्थर से उनका सिर कूंच दिया था। अस्पताल में दूसरे दिन सात अगस्त को उनकी मौत हो गई थी। पुलिस बीते आठ दिनों से आरोपियों की तलाश में जुटी थी। डीसीपी सेंट्रल अतुल कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि सर्विलांस की मदद से रविवार शाम संजय सिंह उर्फ संजय ढाबा की लोकेशन मिलने पर उसे घेर लिया गया।
दोनों पैरों में लगी गोली
उसने पुलिस पर फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में उसके दोनों पैरों में गोली लगने से वह घायल हो गया। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। डीसीपी सेंट्रल ने बताया कि संजय ढाबा पर गुजैनी, कल्याणपुर, फजलगंज, नवाबगंज, काकादेव, बिठूर, कोतवाली, पनकी, स्वरूपनगर में कुल 58 आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। उन्होंने बताया कि संजय पेशेवर अपराधी है।
संरक्षण देने का आश्वासन दिया था
जांच में पता चला कि इसका दो बार पूर्व में भी हाफ एनकाउंटर हो चुका है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि गैंगस्टर के आरोपी अवनीश दीक्षित ने उसे खुद की बेगुनाही का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल करने के लिए कहा था। उसे आगे भी संरक्षण देने का आश्वासन दिया था।
हिस्ट्रीशीटर संजय ढाबा को मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया गया। उसने पूर्व में जेल भेजे गए अवनीश दीक्षित की सलाह पर सोशल मीडिया पर खुद को निर्दोष बताते हुए वीडियो वायरल किया था। विवेचना में पत्रकार का नाम बढ़ाया जाएगा। -रघुबीरलाल, पुलिस कमिश्नर