118 साल पुराना है यह रेलवे पुल
कानपुर मुरे कंपनी से कानपुर बायां किनारा स्टेशन (गंगाघाट) के बीच बना यह पुल 1908 में बना था। इस तरह से पुल 118 साल पुराना हो गया है। रेलवे डीआरएम के जनसंपर्क अधिकारी ने बताया कि रेलवे की ऑडिट टीम और चीफ इंजीनियर निर्धारित समय अंतराल में इसका ऑडिट करते रहे हैं। पिछले साल 20 मार्च से 30 अप्रैल तक अप लाइन (लखनऊ से कानपुर) पर मेगा ब्लॉक लेकर ट्रैक की मरम्मत कराई गई थी। वही प्रक्रिया अब डाउन ट्रैक को ठीक करने के लिए अपनाई जा रही है।
जिले के तीन हजार यात्रियों को होगी दिक्कत
ट्रेनें निरस्त होने व मार्ग परिवर्तन और समय बदलने से जिले के करीब तीन हजार यात्रियों को लखनऊ-कानपुर की यात्रा करने में दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। खासकर इंटरसिटी, झांसी पैसेंजर और कानपुर-लखनऊ मेमू निरस्त होने रोजाना लखनऊ आवागमन करने वालों को बस या फिर अन्य साधनों का सहारा लेना पड़ेगा।