शहर में हुए जलभराव को देखने मंगलवार को निकलीं महापौर प्रमिला पांडेय मेट्रो की खोदाई पर भड़क गईं। अपने सामने ही देवकी टाकीज के पास मेट्रो के कार्य में लगे मजदूरों को भगा दिया। चावला मार्केट में बहस कर रहे मेट्रो अधिकारी को जलभराव में धकेलने की कोशिश की। उन्होंने सख्त तेवर दिखाते हुए शहर में मेट्रो के निर्माण कार्याें पर रोक लगाने की बात कही। कहा कि जहां भी मेट्रो का काम होगा, नगर निगम उसे रुकवा देगा।
सोमवार को दो घंटे की बारिश से पूरे शहर में जलभराव हुआ था। इस पर मंगलवार सुबह महापौर प्रमिला पांडेय और नगर आयुक्त सुधीर कुमार जलभराव की स्थिति का जायजा लेने निकले। वह सबसे पहले चावला मार्केट चौराहा पहुंचीं। उन्होंने मौके पर मेट्रो के अफसर तरुण कुमार और ठेकेदार समीर को बुलाया। महापौर ने कहा कि मेट्रो की लापरवाही से कई महीनों से जूही स्वदेशी मिल के पास करीब 300 मीटर लंबी सीवर लाइन टूटी पड़ी है। इससे आठ वार्डों में बारिश होते ही जलभराव हो जाता है। कई बार कहने के बावजूद समस्या का निस्तारण नहीं हुआ।
निरीक्षण करतीं महापौर
- फोटो : अमर उजाला
पार्षद नवीन पंडित से मेट्रो अधिकारियों की बहस और धक्का-मुक्की भी हुई। पार्षद ने चेतावनी दी तो मेट्रो अधिकारी विरोध जताने लगे। मौके पर मौजूद अन्य अधिकारियों ने हस्तक्षेप कर मामला शांत कराया। इसी बीच मेट्रो अफसरों की महापौर से भी बहस होने लगी। गुस्से में महापौर ने तरुण कुमार को खींचकर कीचड़ से भरे गड्डे में धक्का दे दिया। पास खड़े मुख्य अभियंता एसएफए जैदी और पूर्व पार्षद ने हाथ पकड़कर मेट्रो अफसर को गिरने से बचाया। महापौर के सख्त तेवर देख मेट्रो अफसर और ठेकेदार भाग निकले।
इसके बाद महापौर काकादेव पहुंचीं। यहां भी लोगों ने जलभराव और मेट्रो की खोदाई से सड़कें खस्ताहाल होने की शिकायत की। इस पर महापौर ने ठेकेदार और मौके पर मौजूद मेट्रो अधिकारियों से पूछा-ऐसा कब तक चलेगा। मेट्रो अधिकारी जवाब नहीं दे सके तो महापौर ने तुरंत काम बंद करने के लिए कहा। निरीक्षण के दौरान मुख्य अधियंता सिविल सैय्यद फरीद अख्तार जैदी, जलकर महाप्रबंधक आनंद कुमार त्रिपाठी, जोन-5 के अधिशासी अभियंता रामेंद्र पांडेय आदि मौजूद रहे।
निरीक्षण करतीं महापौर
- फोटो : अमर उजाला
अफसरों को दी चेतावनी
मेट्रो की खोदाई ने शहर का सिस्टम बिगाड़ दिया है। शहरियों को मूलभूत सुविधाओं की दरकार होती है और खोदाई में सीवर व पाइप लाइन ही तोड़ दी गई है। इससे बारिश में जलभराव हो रहा और सड़कें खराब हो रही हैं। महापौर ने सख्त लहजे में चेतावनी दी कि अगर जलभराव की समस्या का समाधान नहीं हुआ तो मेट्रो अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मैं ये नहीं कहती कि बारिश में शहर में पानी नहीं भरता है लेकिन जब से मेट्रो ने काम शुरू किया है। गोविंदनगर और जूही में चौतरफा जलभराव हो रहा है। विजय नगर में मेट्रो के काम ने नरक मचा रखा है।
देवकी टाकीज पर मेट्रो ने खोदाई कर डॉट नाला 200 फीट तोड़ दिया। साथ ही कई और जगह भी पाइप लाइनें तोड़ी है जिससे पूरे शहर में जलभराव हो रहा है। पूरे शहर में मेट्रो के निर्माण कार्य रुकवाए हैं। जहां भी काम होगा, उसे नगर निगम रुकवाएगा। मेट्रो पहले प्राथमिकता के तौर पर क्षतिग्रस्त नाले व पाइप ठीक कराए। - प्रमिला पांडेय, महापौर
मेट्रो का कार्य बिना व्यवधान जारी : पंचानन मिश्रा
देवकी चौराहे पर मेट्रो ने किसी भी नाले को संकरा नहीं किया है। जहां जलभराव है वह स्थान मेट्रो निर्माण क्षेत्र (काकादेव मेट्रो स्टेशन) से लगभग 500 मीटर की दूरी पर स्थित है। इसका मेट्रो निर्माण से कोई संबंध नहीं है। जलभराव को पंप से निकाला जाता है। बारादेवी क्षेत्र में 32 फुट गहराई पर स्थित सीवर लाइन को 16 फुट पर स्थानांतरित करने की बात सत्य नहीं है। यह लाइन अपनी पूर्ववत स्थिति में ही डाली गई है। क्षेत्र में जलभराव की पुरानी समस्या है। प्रशासन के अनुरोध पर मेट्रो ने एक अतिरिक्त सीवर लाइन भी डाली है। एक सीवर लाइन में लगभग 100 फुट तक चोक की समस्या सामने आई है जिसे ठीक करने के प्रयास जारी हैं। यह भी स्पष्ट किया जाता है कि मेट्रो का निर्माण कार्य तय योजना के अनुसार बिना किसी व्यवधान के सुचारू रूप से संचालित हो रहा है। (प्रेस विज्ञप्ति जारी कर पंचानन मिश्रा, पीआरओ, मेट्रो ने पक्ष रखा है। )