रायपुरवा थाना क्षेत्र के भन्नानापुरवा में गाल में गांठ निकलने के बाद कैंसर होने की आशंका से तनाव में चल रही कहकशां बेगम (40) ने रविवार देर रात मायके में फंदा लगाकर जान दे दी। वह करीब एक सप्ताह पहले ही मायके आई थी। देर रात परिजनों की नजर पड़ी तो घर में चीख-पुकार मच गई। सूचना पर पहुंची रायपुरवा पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल की जांच की।
कहकशां ने करीब 20 साल पहले दादानगर की सेवाग्राम कॉलोनी निवासी नदीमुद्दीन से प्रेम विवाह किया था। दंपती के दो बेटे अब्दुल रहमान और अब्दुल कादिर हैं। पति नदीमुद्दीन ने पुलिस को बताया कि एक साल पहले कहकशां के गाल में गांठ निकल आई थी। उसका इलाज चल रहा था, लेकिन गांठ को लेकर वह लगातार आशंकित रहती थी कि कहीं उसे कैंसर न हो। बीमारी की आशंका के चलते वह काफी समय से तनाव में थी। परिजन इलाज कराने के साथ उसे समझाते भी थे और बीमारी को लेकर ज्यादा चिंता न करने के लिए कहते थे। पति कर्ज लेकर उनका इलाज करा रहे थे।
करीब एक सप्ताह पहले कहकशां अपने मायके भन्नानापुरवा चली गई थी। रविवार देर रात उसने वहीं फंदा लगाकर जान दे दी। देर रात परिजनों को घटना की जानकारी हुई तो उन्होंने पुलिस को सूचना दी। रायपुरवा पुलिस ने जांच के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
रायपुरवा थाना प्रभारी अजय कुमार सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में महिला ने गाल में निकली गांठ की वजह से वह तनाव में थी। पूछताछ में परिजन ने बताया कि वह मसाला खाती थीं। छोड़ने के बाद से दिक्कतें होने लगीं। उन्हें लगता था कि वह अब कभी ठीक नहीं हो पाएंगी।