शिवम अग्रवाल और आहूजा हॉस्पिटल
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गंभीर अपराध मानकर खारिज कर दी अर्जी
ऑपरेशन के बाद मरीज को अलग-अलग दूसरे अस्पताल में भेज दिया जाता था। यह सारा काम एक गिरोह द्वारा किया जाता था और डॉक्टर सुजीत और डॉक्टर प्रीति दोनों ही इस गिरोह में और अपराध में शामिल थे। वहीं, एंबुलेंस चालक शिवम अग्रवाल ने भी झूठा फंसाए जाने की बात कही। सभी पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने गंभीर अपराध मानकर अर्जी खारिज कर दी।