फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

KANPUR: गर्मी में बीमारियों का प्रकोप, निमोनिया से रोगियों के गुर्दे फेल, दो की मौत

Wed, 25 May 2022 07:26 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

कानपुर में भीषण गर्मी के कारण बीमारियों का प्रकोप बढ़ता ही जा रहा है। अस्पतालों में मरीजों की संख्या में कई गुना इजाफा हुआ है। शहर में निमोनिया से दो की मौत हो गई।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आंधी-पानी के बाद पारा नीचे आ गया फिर भी गर्मी की बीमारियों के तेवर नरम नहीं पड़ रहे हैं। डायरिया, गैस्ट्रोइंटाइटिस के साथ ही वायरल फीवर तेज हो गया है। डॉक्टर इसे मौसमी वायरल संक्रमण बता रहे हैं। रोगियों को तेज बुखार के साथ गले में संक्रमण हो रहा है।
विज्ञापन


कुछ रोगियों को निमोनिया हो जा रहा है। दो निमोनिया रोगियों के एक्यूट रेस्पेरेटरी सिंड्रोम में जाने के बाद गुर्दे फेल हो गए और मौत हो गई। रोगियों का इलाज निजी अस्पतालों में चल रहा था। वहीं, हैलट और उर्सला की ओपीडी में डायरिया, पेट रोग और बुखार के रोगियों की भरमार रही। हैलट ओपीडी में गले के संक्रमण के साथ बुखार के रोगी बड़ी संख्या में आए। कुछ में कोरोना जैसे लक्षण रहे हैं। उन्हें फ्लू ओपीडी में सैंपल देने के लिए भेजा गया।
विज्ञापन

इसके साथ ही पांच रोगियों को भर्ती कर लिया गया। उन्हें निमोनिया हुआ था। रामादेवी के निजी अस्पताल में लालबंगला के कमलेश (55) की मौत हो गई। उन्हें तेज बुखार और डायरिया के बाद निमोनिया हो गया था। इसके बाद गुर्दे फेल हो गए। वह पहले से डायबिटीज के रोगी रहे हैं। इसी तरह रत्नेश जोशी (61) की निमोनिया से मौत हुई है। उनके गुर्दे खराब हो गए थे। जीएसवीएम मेडिकल कालेज के मेडिसिन विभाग के सीनियर फिजिशियन डॉ. सौरभ अग्रवाल ने बताया कि डायरिया, गैस्ट्रोइंटाइटिस से रोगी के शरीर में पानी की कमी हो जाती है। इसका असर गुर्दों पर आता है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें