Kanpur News: ठगी के मामले में क्राइम ब्रांच के साइबर सेल ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। तीसरे आरोपी की तलाश जारी है। आरोपियों से थार कार, मोबाइल, लैपटॉप, क्रिकेट किट, महंगे बैट और कई लग्जरी वस्तुएं बरामद हुई हैं।
आईपीएल की तैयारी कर रहे दिल्ली के क्रिकेटर विवेक शर्मा और पंजाब के रेसलर अनुज तोमर को क्राइम ब्रांच ने गुजैनी के सुनील कुमार खन्ना से क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने के नाम पर 1,35,669 रुपये की ठगी करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। दोनों के पास से थार कार, मोबाइल, लैपटॉप, क्रिकेट किट, महंगे बैट और कई लग्जरी वस्तुएं बरामद हुई हैं। विवेक बीटेक और अनुज तोमर एमबीए किए हैं। दोनों कोविड संक्रमण से पहले सिंगापुर में मल्टीनेशनल कंपनी में कार्य कर रहे थे। आरोपियाें ने अपने तीसरे साथी के संग मिलकर अब तक 35 लोगों से ठगी की है।
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गुजैनी निवासी सुनील कुमार खन्ना ने ठगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। क्राइम ब्रांच के साइबर सेल प्रभारी शिव कुमार शर्मा और उनकी टीम ने खाते से ट्रांजेक्शन, मोबाइल डाटा और अन्य दस्तावेजों की मदद से जांच की। टीम ने मोहाली से अनुज तोमर और दिल्ली से विवेक शर्मा को गिरफ्तार किया। डीसीपी क्राइम अतुल कुमार श्रीवास्तव ने गुरुवार को प्रेसवार्ता में बताया कि आरोपी ठगी के लिए खुद को बैंक अधिकारी या क्रेडिट कार्ड विभाग का प्रतिनिधि बताकर संपर्क करते थे। यह ऑनलाइन और सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफार्म से लोगों की डिटेल हासिल करते थे। इन्होंने गुजैनी निवासी सुनील कुमार खन्ना से क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने का झांसी देकर ठगी की थी। साइबर सेल के प्रभारी शिवकुमार शर्मा ने बताया कि विवेक शर्मा और अनुज तोमर को गुरुवार को कोर्ट में पेश किया गया जहां से 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
कोविड संक्रमण में सिंगापुर में छूट गई थी नौकरी
डीसीपी क्राइम के मुताबिक, दोनों साथ में पढ़ाई करते थे। अनुज मूलरूप से बागपत का रहने वाला है लेकिन दिल्ली में पढ़ाई करता था। दोनों सिंगापुर में नौकरी कर रहे थे। कोविड-19 संक्रमण के दौरान दोनों की नौकरी चली गई जिसके बाद दोनों भारत लौट आए। अनुज की एनसीआर में मल्टीनेशनल कंपनी में नौकरी लग गई जबकि विवेक ने अपना भविष्य बनाने के लिए क्रिकेट में प्रयास जारी रखा। वह पहले भी दिल्ली की ओर से घरेलू क्रिकेट खेला करता था। इस दौरान उसके ऊपर कर्जा होता चला गया। विवेक के घर में एक अन्य युवक किराये पर रहता था। विवेक ने बताया कि उस युवक ने उसकी कई बार पैसे देकर मदद की थी। कर्जा उतारने के लिए ठगी की प्लानिंग समझाई। अनुज बागपत में स्टेट लेवल की रेसलिंग में हिस्सा लेता था। पंजाब में भी कई प्रतियोगिताओं में शामिल हो चुका है। दोनों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।