भाल गांव में रोते बिलखते मृतक के परिजन
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भाल गांव में छुट्टा मवेशियों से फसल को बचाने के लिए खेत गए किसान पर जंगली जानवर ने हमला कर दिया। सुबह घर नहीं पहुंचने पर परिजन खेत पहुंचे तो किसान अचेत अवस्था में मिला। पेट व पैर में किसी जानवर के काटने के निशान थे। इस पर परिजनों ने निजी अस्पताल में भर्ती कराया। हालात में सुधार नहीं होने पर परिजन उसे लेकर झांसी जा रहे थे।
रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। सूचना पर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। भाल गांव निवासी रामजी सिंह ने बताया कि छोटा भाई शिव सिंह (40) छुट्टा मवेशियों से फसल को बचाने के लिए खेत में निगरानी करने गया था। वह रात में खेत में ही चारपाई डालकर सो रहा था।
देर रात शिव सिंह पर किसी जंगली जानवर ने हमला कर दिया। सुबह काफी देर तक शिव खेत से घर नहीं लौटा, तो परिजन उसे ढूंढते हुए खेत में पहुंचे। वहां वह अचेतावस्था में पड़ा मिला। पेट व पैर में जानवर के काटने के निशान थे।
इस पर उसे अकबरपुर के एक निजी अस्पताल में इलाज के लिए ले गए। वहां तबीयत में सुधार न होने पर रविवार की सुबह उसे इलाज के लिए झांसी ले जा रहे थे। रास्ते में उसकी मौत हो गई। किसान का शव गांव पहुंचते ही परिवार में कोहराम मच गया।
शिव सिंह की माता रामढकेली, पत्नी वर्षा व परिवार के अन्य लोगों का रोकर बुरा हाल था। शिव सिंह का एक वर्षीय बेटा विष्णु है। थानाध्यक्ष अनुराग पांडेय ने बताया कि शिव सिंह के भाई ने तहरीर दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर साफ हो सकेगा कि मौत कैसे हुई।