चौबेपुर (बिल्हौर)। क्षेत्र स्थित विद्या भवन कॉलेज ऑफ फार्मेसी में अस्थाई जेल बनाए जाने को लेकर चर्चाएं तेज हो चली हैं। जमाती समेत अन्य लोगों की क्वारंटीन अवधि पूर्ण होने के उपरांत उन्हें कुछ समय तक इस जेल में रखे जाने की खबर से इलाकाई लोगों में भारी दहशत हो गई है। सुरक्षा के मद्देनजर लोगों ने जनप्रतिनिधियों से गुहार लगा अस्थाई जेल अन्यत्र कहीं बनाए जाने की मांग उठाई है।
जिले में कोरोना वायरस संक्रमित लोगों के अलावा उन जमातियों को भी विशेष तौर पर क्वारंटीन में रखा गया है जो कि बीते दिनों दिल्ली के निजामुद्दीन मरकज में शामिल हुए थे। इनमें कई लोगों पर महामारी अधिनियम के उल्लंघन समेत अन्य धाराओं में रिपोर्ट भी दर्ज की गई है। इधर ऐसे लोगों की 14 दिनों की क्वारंटीन अवधि पूर्ण होने के पश्चात इन्हें जेल में रखा जाना है। जिसके लिए चौबेपुर क्षेत्र के रौतापुर ग्राम पंचायत स्थित विद्या भवन कॉलेज आफ फार्मेसी को अस्थाई जेल के रूप में तब्दील किया गया है। मामले में शनिवार को मौके पर पहुंचे जेल अधीक्षक आशीष तिवारी, एसपी वेस्ट डॉ अनिल कुमार, एडीएम सिटी विवेक श्रीवास्तव, एसपी ट्रैफिक सुशील यादव और क्षेत्राधिकारी बिल्हौर देवेंद्र मिश्रा आदि ने मौका मुआयना कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया था। वहीं, जिलाधिकारी द्वारा विभिन्न विभागों को संबंधित जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। क्षेत्र में अस्थाई जेल बनाए जाने की खबर लगते ही ग्रामीणों में रोष पनपने लगा है। वैश्विक महामारी से बचाव के लिए आपसी दूरी बनाए रखने समेत अन्य सावधानियां बरत रहे लोगों में अस्थाई जेल में जमातियों को रखे जाने की जानकारी से दहशत बढ़ने लगी है। समस्या को लेकर बड़ी संख्या में लोगों ने क्षेत्रीय सांसद अशोक रावत व विधायक भगवती प्रसाद सागर से मोबाइल पर बातचीत कर क्षेत्र में अस्थाई जेल न बनवाए जाने की मांग की है। वहीं इस संबंध में जानकारी पर थाना प्रभारी विनय तिवारी ने बताया कि शासन के निर्देशानुसार विद्या भवन कॉलेज को अस्थाई जेल में तब्दील किया गया है। जिसके लिए हर तरह की व्यवस्थाएं चाक-चौबंद कर ली गई हैं।