कानपुर देहात। पत्नी की हत्या में उम्र कैद और 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई है। अर्थदंड अदा नहीं करने पर दोषी को पांच माह अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी।
सीहूपुर घाटमपुर निवासी राजेंद्र अवस्थी उर्फ छुन्नू ने15 मई 2012 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। कहा था कि छत पर गोबर डालने गया तो देखा कि छोटे भाई सुरेंद्र अवस्थी उर्फ रजोल की पत्नी सीमा का शव घर के आंगन में पड़ा है। बलकट पर खेती उठाने को लेकर सीमा का पति सुरेंद्र से 14 मई 2012 को विवाद हुआ था। आरोप लगाया कि उसने पत्नी की हत्या कर दी और कुंड़ी बाहर से लगाकर फरार हो गया। भाई सुरेंद्र नशेड़ी प्रवृत्ति का है और ट्रक क्लीनर है।
वह खेती बलकट उठाने का विरोध कर रहा था। उसकी पत्नी सीमा की उससे नहीं बनती थी। वह मायके औरैया जिले में बच्चों के साथ रहती थी। खेती बलकट पर उठाकर अपना व बच्चों का भरण पोषण करती थी। 6 मई 2012 को सीमा मायके से सीहूपुर आई थी। प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश राम मिलन सिंह की अदालत में सुनवाई चल रही थी।
अभियोजन के साक्ष्यों व बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने सुरेंद्र को दोषी करार दिया। एडीजीसी प्रदीप पांडेय ने बताया कि पत्नी की हत्या के दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है।