सफाई कर्मी भी नवीनतम तकनीकी प्रणालियों से लैस होंगे
क्यूआर कोड जनरेट कर बकाया धनराशि की वसूली की जाएगी, जिससे जनता के लिए करों का भुगतान करना सहज हो जाएगा। योजना के दूसरे चरण में घर-घर क्यूआर कोड लगाने, इसी से कूड़ा उठाने वाले कर्मियों को हर घर में हाजिरी लगाने और शहरवासियों को कोड स्कैन कर गंदगी से संबंधित शिकायतें करने की सुविधा भी देने पर भी विचार किया गया है। नगर निगम के सफाई कर्मी भी नवीनतम तकनीकी प्रणालियों से लैस होंगे। नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अमित सिंह गौर ने बताया कि बैंकों के साथ समन्वय स्थापित कर इस प्रकार की तकनीकी विकसित की जा रही है।
कार्यप्रणाली को पारदर्शी और प्रभावशाली बनाया जा सकेगा
इससे नगर निगम डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन में लगे वाहनों में ट्रैकिंग सिस्टम, प्रत्येक घर व शहर से कूड़ा उठान, प्रत्येक घर से यूजर चार्ज भुगतान के लिए एक प्रभावी तकनीकी, निगरानी तंत्र स्थापित किया जा सकेगा। इस कार्य में लगे कर्मचारियों को तकनीकी युक्त प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। इस प्रक्रिया से नगर निगम की कार्यप्रणाली को पारदर्शी, प्रभावशाली बनाया जा सकेगा। नगर आयुक्त ने इस प्रणाली के लिए निगम स्तर से जरूरी कार्यवाही पूर्ण करने के निर्देश दिए। इसकी रिपोर्ट भी तलब की।