बीच की दूरी की चीज देखने में दिक्कत आती रही
उन्होंने बताया कि मल्टी फोकल लेंस डायबिटीज, समलबाई, रेटिनोपैथी आदि के रोगियों को नहीं लगाया जाता। नए लेंस से इन रोगियों की समस्या का समाधान हो गया है। उन्हें इडॉफ लेंस आसानी से प्रत्यारोपित किया जा सकता है। इस लेंस से व्यक्ति की निगाह दूर के साथ ही बीच की चीजें भी कवर होती हैं। पुराने लेंस लगाने पर व्यक्ति को दूर का साफ दिखता रहा। नजदीक देखने के लिए चश्मा लगाना पड़ता है, लेकिन बीच की दूरी की चीज देखने में दिक्कत आती रही।
क्वालिटी ऑफ विजन अच्छी होती है
इडॉफ लेंस लगाने से कार और बाइक की ड्राइविंग के अलावा व्यक्ति को कंप्यूटर पर काम करने, मोबाइल की स्क्रीन देखने में भी आसानी रहेगी। इडॉफ लेंस से नजदीक की चीज देखने में आसानी होती है। बारीक चीजें या शब्द पढ़ने के लिए छोटे नंबर के चश्मे से काम चल जाता है। इसके साथ रंगों को देखने और कंट्रास्ट में आसानी रहती है। क्वालिटी ऑफ विजन अच्छी होती है। इस शोध में 45 से 60 साल आयु वर्ग के रोगियों को शामिल किया गया। इसकी अवधि एक वर्ष रही है।