नगर निगम ने जप्त की हुई भैसों की नीलामी की
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कानपुर नगर निगम मुख्यालय में शनिवार को भैसों की बोली (नीलामी) लगी। चट्टे वाले भी पहुंचे, ये नीलामी में भैंस खरीदने वालों से अपनी भैंस खरीदना चाहते थे। हालांकि बोली इतनी ज्यादा लगा कि चट्टा संचालक रुपये सुनते ही लौट गए। गंगाघाट उन्नाव निवासी रामनरेश 33 हजार रुपये प्रति भैंस के हिसाब से 61 भैंसों का 20.13 लाख रुपये भुगतान कर सभी भैंस लेकर चले गए।
इससे ऊंची बोली (34 हजार रुपये प्रति भैंस) लगाने वाले रामशरण यादव ने भैंस लेने से इनकार कर दिया था। इनकी 50 हजार रुपये की जमानत राशि जब्त कर ली गई। नगर निगम ने जाजमऊ और ग्वालटोली में अवैध रूप से संचालित चट्टों से 61 भैंस जब्त की थीं। नगर निगम मुख्यालय में 3:00 बजे से इनकी नीलामी शुरू हुई।
मीटिंग हॉल में लगी बोली में कौशांबी के ग्राम बजहा खुर्रमपुर निवासी रामशरण यादव और सन्नी, गंगाघाट, उन्नाव निवासी रामनरेश शामिल हुए। शुरुआत 25 हजार रुपये से हुई। सबसे ज्यादा 34 हजार की बोली लगाने वाले रामशरण को 61 भैंसों के 20.74 लाख रुपये जमा करने के लिए एक घंटे की मोहलत दी गई।
उनके मना करने पर दूसरे स्थान पर रहे रामनरेश ने शाम छह बजे रकम जमा कर दी। उन्हें कान्हा गोशाला से भैंसें ले जाने की रसीद दी गई। नीलामी में कैटल कैंचिंग विभाग के प्रभारी सहायक नगर आयुक्त डॉ. एके सिंह, प्रवर्तन दस्ते के प्रभारी कर्नल आलोक नारायण आदि शामिल रहे।