कानपुर में दवा प्रतिनिधि को ओपीडी में आने से रोकने पर अस्थि रोग विभाग के जूनियर डॉक्टर ने अस्पताल के कर्मचारी को थप्पड़ जड़ दिया। यह घटना हैलट अस्पताल की है, जो विभागाध्यक्ष डॉ. एके गुप्ता के सामने हुई। दरअसल, रोगी देखे जाने के समय हैलट ओपीडी में दवा प्रतिनिधियों के आने पर जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य ने रोक लगा रखी है, लेकिन कमीशन के चक्कर में डॉक्टर प्रबंधन के आदेशों की अवहेलना कर रहे हैं।
कर्मचारी को थप्पड़ मारे जाने के मामले में नोडल अधिकारी डॉ. गणेश शंकर ने कार्यवाहक प्राचार्य डॉ. रिचा गिरि को अवगत कराया। इस पर डॉ. गिरि ने कर्मचारी और जूनियर डॉक्टर में सुलह कराई। साथ ही विभागाध्यक्ष को आगे ऐसी घटना न होने देने की हिदायत दी। इस घटना से कर्मचारियों में रोष है। उनका कहना है कि दोबारा ऐसी घटना हुई, तो डॉक्टर का सम्मान भूल जाएंगे।