कानपुर। जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में शुक्रवार को सरसैया घाट स्थित नवीन सभागार में व्यापार बंधु की बैठक हुई। व्यापारियों ने सिंचाई विभाग की जमीनों पर हो रहे अतिक्रमण, बाजारों में पिंक टॉयलेट, किराया अधिनियम के दुरुपयोग, हाउस टैक्स, मंडी समिति और सीएम ग्रिड योजना से जुड़ी समस्याएं रखीं। डीएम ने बैठक में अनुपस्थित सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता से स्पष्टीकरण मांगा।
जिलाधिकारी ने कहा कि व्यापार बंधु की बैठकों में उठाए गए मामलों की संबंधित विभाग नियमित समीक्षा करें। व्यापारिक क्षेत्रों से जुड़ी सड़क, बिजली, पेयजल, स्ट्रीट लाइट, जल निकासी और अन्य आधारभूत सुविधाओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाए। व्यापारियों ने मकड़ीखेड़ा, पत्रकारपुरम क्षेत्र में खुले नाले और कानपुर-शुक्लागंज पुल के साथ सर्विस रोड निर्माण की मांग रखी। सिंचाई विभाग की भूमि पर अवैध कब्जे के मामले से सहायक अभियंता सिंचाई विभाग विनोद कुमार को अवगत कराया गया था। लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। जिलाधिकारी ने विनोद कुमार के खिलाफ कार्रवाई किए जाने के निर्देश दिए।
व्यापारियों ने पेड़ों की छंटाई न होने की समस्या बताई। नगर निगम के अधिशासी अभियंता जोन एक ने छंटाई किए जाने की रिपोर्ट प्रस्तुत की। व्यापारियों द्वारा मौके पर कार्य न होने की जानकारी देने पर जिलाधिकारी ने गलत आख्या देने पर नगर निगम के अधिशासी अभियंता जोन एक के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए। व्यापारियों ने कोपरगंज रेडीमेड और होजरी बाजार में बाहर निकले बिजली के तारों को भूमिगत कराने की मांग उठाई। बैठक में उत्तर प्रदेश नगरीय परिसर किरायेदारी विनियमन अधिनियम के दुरुपयोग का मामला उठाया गया। बैठक में उमंग अग्रवाल, ज्ञानेश मिश्रा, विनोद गुप्ता, विजय गुप्ता, मनीष वसंदानी, राजकुमार भगतानी, केके गुप्ता, भोला मिश्रा, पप्पू त्रिवेदी, आलोक गुप्ता, रविंद्र कुमार आदि रहे