आवास में फंदा लगाकर पल्लवी ने दे दी जान
मंगलवार को पल्लवी ने इसी आवास में फंदा लगाकर जान दे दी थी। आईआईटी प्रशासन ने घटना की सूचना पल्लवी के परिजनों को दी थी। बुधवार की सुबह पल्लवी की मां अनुपमा, पिता मधुसूदन और भाई सत्य व्रत परिवार के कुछ लोगों के पहले आईआईटी पहुंचे।
अमेरिका और जापान में कई साल रहकर नौकरी की थी
अधिकारियों से मामले की जानकारी लेने के बाद परिजन पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। इस दौरान मृतका की मां अनुपमा ने कहा कि बेटी ने आईआईटी से एमटेक करने के बाद पीएचडी किया था। बेटी ने अमेरिका और जापान में कई साल रहकर नौकरी की थी।
तनाव की वजह अनुपमा ने कभी नहीं बताई
वह एक साल से मानसिक तनाव में थी। तनाव की वजह अनुपमा ने कभी नहीं बताई। वहीं, शव का पोस्टमार्टम डॉ. स्वाति कटियार, डॉ. विनोद कटियार व डॉ. बसंत लाल के पैनल ने किया। बता दें, पल्लवी को एक अगस्त 2023 को आईआईटी कानपुर के प्रोजेक्ट एग्जीक्यूटिव ऑफिसर के पद पर तैनाती मिली थी।
पल्लवी चिल्का के निधन पर प्रशासन ने शोक व्यक्त किया
कल्याणपुर थाना प्रभारी धनंजय पांडेय ने बताया की पल्लवी ने तीन दिन पहले ही आईआईटी कैंपस में बने आरए टावर में रहने आई थी। इसके पहले पल्लवी कैंपस के बाहर किराए के मकान में रहती थी। आईआईटी कानपुर में आत्महत्या करने वाली शोध स्टाफ सदस्य डॉ. पल्लवी चिल्का के निधन पर प्रशासन ने शोक व्यक्त किया है।
बायोइंजीनियरिंग विभाग में एक शोध स्टाफ सदस्य थीं पल्लवी
डॉ. पल्लवी बायोइंजीनियरिंग विभाग में एक शोध स्टाफ सदस्य थीं। वह अपने पोस्ट डॉक्टरल शोध को आगे बढ़ाने के लिए संस्थान में शामिल हुईं थीं। आईआईटी प्रशासन ने बताया पुलिस की एक फोरेंसिक टीम ने मौत के कारण की जांच करने के लिए परिसर का दौरा किया है।