कानपुर। मुंबई में बढ़ रहे वायु प्रदूषण की रियल टाइम जानकारी आईआईटी कानपुर के प्रोजेक्ट मानस से मिलेगी। इससे मुंबई की हवा कितनी साफ है और कहां पर प्रदूषण ज्यादा है यह जानना अब और आसान हो जाएगा। आईआईटी कानपुर के वैज्ञानिक प्रो. सच्चिदानंद त्रिपाठी की टीम ने खास प्रोजेक्ट मानस – मुंबई एयर नेटवर्क फॉर एडवांस्ड साइंसेज तैयार किया है।
अब तक मुंबई में हवा मापने के लिए सिर्फ कुछ बड़े सेंसर थे जिससे पूरे शहर की सही तस्वीर नहीं मिल पाती थी। मानस नेटवर्क में छोटे-छोटे लो-कॉस्ट एयर मॉनिटरिंग सेंसर लगाए गए हैं जो शहर के लगभग हर इलाके से रियल-टाइम डेटा देंगे।
शुरुआत में 30 सेंसर लगाए गए थे जिन्हें अब 75 किया जा रहा है। इन सेंसर की खास बात यह है कि यह सौर ऊर्जा से चलते हैं और मॉड्यूलर डिजाइन वाले हैं यानी इन्हें आसानी से कहीं भी लगाया जा सकता है। इनकी लागत भी काफी कम है जिससे बड़ी संख्या में सेंसर लगाना संभव होगा।
आईआईटी कानपुर के प्रोफेसर प्रो. सच्चिदानंद ने बताया कि अभी मुंबई में 25-25 किलोमीटर के अंतर पर एक सेंसर था। इससे यह पता लगाना मुश्किल होता था कि किस मोहल्ले में हवा खराब है। लेकिन मानस नेटवर्क से हर जगह की ताजा जानकारी मिलेगी।
मुंबई नगर निगम के अधिकारियों ने भी इसकी सराहना की है। लो कॉस्ट एयर मॉनिटरिंग सिस्टम किफायती है जिससे प्रशासन समय रहते चेतावनी दे सकेगा। आईआईटी कानपुर का यह मॉडल सफल रहा तो इसे देश के अन्य बड़े शहरों में भी लागू किया जा सकता है।