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Kanpur News: कोर्सों की मान्यता नहीं है तो डिग्री कॉलेज न लें दाखिला

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कानपुर। बाराबंकी के रामस्वरूप मेमोरियल विवि (एसआरएमयू) में हुए बवाल के बाद सरकार की ओर से विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों की जांच कराए जाने का आदेश जारी किया गया है। आदेश जारी होने के दूसरे ही दिन छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी महाविद्यालयों को बिना मान्यता वाले कोर्सों में प्रवेश न लेने का नोटिस जारी किया है। बिना मान्यता वाले कोर्स में अब विवि परीक्षा फॉर्म नहीं भराएगा। साथ बुधवार को सभी प्राचार्यों की बैठक भी बुलाई है। जांच के लिए कमेटी भी बनाई है।
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छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय ने बिना मान्यता संचालित पाठ्यक्रमों को लेकर कमर कस ली है। उन महाविद्यालयों को नोटिस भेजा गया है जहां एलएलबी, बीए-एलएलबी, बीसीए, एमसीए, बीपीएड, एमपीएड, बीबीए, एमबीए, बीएड, एमएड जैसे पाठ्यक्रमों का संचालन किया जा रहा है। विवि में संचालित कोर्सों के संचालन के लिए विवि की मान्यता के साथ अलग-अलग काउंसिल की भी अनुमति जरूरी है।

जैसे बीटेक के लिए ऑल इंडिया काउंसिल फॉर टेक्निकल एजुकेशन (एआईसीटीई), एलएलबी के लिए बार काउंसिल ऑफ इंडिया, दूरस्थ शिक्षा पाठ्यक्रमों में डिस्टेंस एजुकेशन काउंसिल, बीएड व बीपीएड जैसे पाठ्यक्रमों के लिए नेशनल काउंसिल फॉर टीचर्स एजुकेशन और फार्मेसी के लिए फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया से मान्यता लेना अनिवार्य है। कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक ने कहा कि सभी प्राचार्यों व प्रबंधकों से नए शिक्षण सत्र में पाठ्यक्रम संचालन के मान्यता संबंधी प्रमाण पत्र तत्काल साझा करने का निर्देश दिया है। अगर किसी कॉलेज के पास अभी प्रमाण पत्र नहीं है तो वह नए सत्र में छात्र-छात्राओं को प्रवेश न दें। ऐसे छात्रों को विवि परीक्षा फॉर्म भरने की अनुमति नहीं देगा।
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अनियमितता के विरोध में डीएम को सौंपा ज्ञापन
निजी विश्वविद्यालय में हो रही अनियमितता के विरोध में छात्र संघ बहाली मोर्चा के सदस्यों ने जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह को ज्ञापन सौंपा। संघ के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि अधिकांश निजी शैक्षणिक संस्थानों में छात्रों से विभिन्न प्रकार से अवैध वसूली की जा रही है। छात्रों ने छात्र संघ चुनाव बहाली की भी मांग की। साथ ही फाइन या किसी भी प्रकार की जबरन धन वसूली की प्रथा को तत्काल समाप्त करने की मांग की। जिलाधिकारी ने सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस मौके पर अभिजीत राय, अनस साहू, शरद कनौजिया, पुष्पांशु सिंह मौजूद रहे।
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