कानपुर देहात। कोविड-19 से अनाथ हुईं जिले की 27 बालिकाओं की शादी के लिए मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के तहत एक लाख एक हजार रुपये जिला प्रोबेशन के माध्यम से दिए जाएंगे। इसके पहले सरकार ने इनके भरण पोषण, शिक्षा व चिकित्सा की जिम्मेदारी ली है। सरकार की ओर से निर्णय लिया गया है कि बालिग होने पर बालिकाओं की शादी में सरकार आर्थिक मदद करेगी। ऐसे में युवतियों के संरक्षकों को इससे काफी राहत मिलेगी।
कोरोना काल में जिले में 51 बच्चों ने माता या फिर पिता को खो दिया है, जबकि एक बच्ची के माता पिता दोनों कोविड से खत्म हो चुके हैं। सरकार ने ऐसे बच्चों के लिए मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना शुरू की। इसमें एक दिन से लेकर 18 साल तक की उम्र तक शिक्षा, चिकित्सा के साथ भरण पोषण की जिम्मेदारी सरकार ने ली।
अब इन बच्चों में बालिग होने वाली युवतियों की शादी में एक लाख एक हजार रुपये की मदद की जाएगी। जिले में इस योजना के चयनित 52 बच्चों में 27 लड़कियां है। 18 साल तक तो सरकार इन्हें प्रति माह चार हजार रुपये देगी। इसके बाद बालिकाओं के बालिग होने पर सरकार शादी में फिर आर्थिक मदद करेगी। (संवाद)
इस प्रकार मिलेगी मदद
मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना में चयनित ऐसी किशोरियां जो बालिग हो रही हैं वह इसके लिए आवेदन कर सकती हैं। विवाह के लिए निर्धारित तिथि को वर की आयु 21, वधू की आयु 18 वर्ष से कम नहीं होनी चाहिए। इसमें आवेदन के लिए लाभार्थी व अभिभावक की फोटो सहित पूर्ण आवेदन पत्र, माता पिता या वैध संरक्षक का मृत्यु प्रमाण पत्र उपलब्ध कराना होगा।
विवाह की तिथि के 90 दिन पहले से लेकर 90 दिन बाद तक ग्राम पंचायत अधिकारी, बीडीओ या जिला प्रोबेशन विभाग में आवेदन किया जा सकेगा। जिले में 52 बच्चे योजना का लाभ ले रहे हैं इनमें 27 लड़कियां हैं। इनमें जो बालिग होती जाएंगी उनकी शादी में भी सरकार आर्थिक मदद करेगी।
18 विद्यार्थियों को मिलेगा लैपटॉप
मुख्यमंत्री बाल संरक्षण योजना में चयनित 52 बच्चों में से 18 को लैपटॉप उपलब्ध कराया जाएगा। लैपटॉप देने के लिए कक्षा नौ से लेकर आगे की कक्षाओं में पढ़ने वाले बच्चों को शामिल किया गया है। 18 बच्चों के बाबत विवरण शासन को भेेजा गया है।
वहां से बजट मिलते ही जिला प्रोबेशन विभाग जैम पोर्टल के माध्यम से लैपटॉप की खरीद कर पात्रों तक पहुंचाएगा, ताकि माता पिता के न होने के बाद भी उन्हें पढ़ाई में कोई व्यवधान न हो। उनकी जरूरतें पूरी हो सकें। शासन ने ऐसे बच्चों की पढ़ाई का पूरा ख्याल रखा है।
मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना में चयनित किशोरियों के बालिग होने पर उन्हें एक लाख एक हजार रुपये की मदद शासन की तरफ से की जाएगी। जिला प्रोबेशन विभाग ऐसे पात्रों को योजना का लाभ दिलाने में मदद करेगा। - धर्मेंद्र कुमार ओझा, बाल संरक्षण अधिकारी