हरदोई जिले में पिहानी नगर पालिका अध्यक्ष के कथित तौर पर भाजपा में शामिल होने पर गोपामऊ विधायक ने बेहद तल्ख टिप्पणी की है। एक व्हाट्स ग्रुप पर की गई टिप्पणी में भाजपा विधायक ने लिखा है कि पिहानी नगर पालिका अध्यक्ष के भाजपा में आने से भाजपा का कोई लाभ नहीं होगा, बल्कि नुकसान हो सकता है। नगर पालिका अध्यक्ष के भाजपा में शामिल होने की वजह का उल्लेख करते हुए उन्होंने यह भी लिखा है कि यह मेरी निजी जानकारी है।
पिहानी की नगर पालिका अध्यक्ष शाहीन बेगम पिछले वर्ष हुए निकाय चुनाव में सपा के टिकट पर निर्वाचित हुई थीं। बीती 20 अप्रैल को आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल और उनके पिता नरेश अग्रवाल की ओर से शहर के नारायण धाम में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम में तीन हजार लोगों के भाजपा में शामिल होने का दावा किया गया था।
यह दावा भी था कि पिहानी नगर पालिका अध्यक्ष शहीन बेगम भी इसी आयोजन में भाजपा में शामिल हो गई हैं। हालांकि कार्यक्रम में वह मौजूद नहीं थीं। बाद में उनका एक कथित पत्र वायरल हुआ जिसमें बेटे की बीमारी का हवाला देते हुए कार्यक्रम में न पहुंच पाने, लेकिन नरेश अग्रवाल और भाजपा में आस्था होने का जिक्र था।
बहरहाल शनिवार शाम नरेश अग्रवाल पिहानी स्थित अपने फार्म हाउस पर पहुंचे थे। वहां उन्होंने क्षेत्रीय लोगों से मुलाकात की और इसी दौरान नगर पालिका अध्यक्ष के पुत्र जैद सईद खां भी मौजूद थे। पिहानी के एक बहुचर्चित व्हाट्स ग्रुप ग्रुप पर इसकी तस्वीर आई तो गोपामऊ से भाजपा विधायक श्याम प्रकाश ने तल्ख टिप्पणी कर दी। दरअसल पिहानी नगर पालिका गोपामऊ विधानसभा क्षेत्र में आती है। विधायक ने ग्रुप में लिखा कि पिहानी नगर पालिका अध्यक्ष के भाजपा में आने से भाजपा को कोई लाभ नहीं होगा बल्कि नुकसान हो सकता है। लोकसभा चुनाव के उफान के बीच विधायक की यह टिप्पणी चर्चा का विषय बनी है।
और विधायक ने यह बताई ज्वाइनिंग की वजह
अपनी टिप्पणी में विधायक श्याम प्रकाश ने पिहानी नगर पालिका अध्यक्ष के भाजपा में शामिल होने की वजह भी बताई है। उन्होंने कहा है कि शायद ईओ (अधिशासी अधिकारी) के ट्रांसफर के वायदे पर पिहानी नगर पालिका अध्यक्ष को जबरदस्ती पीछे पड़कर भाजपा में लाया गया है। पिहानी एक खास आदमी जिसकी नजर नगर पालिका के मुनाफे वाले ठेके (जो दो माह बाद होना है) पर है। यह ज्वाइनिंग सिर्फ एक व्यक्ति ने अपने निजी स्वास्थ्य के लिए अपने नेता से कराई है। यह मेरी निजी जानकारी है।
पहले ही था कलह बढ़ने का अंदेशा
भाजपा ने कुनबा बढ़ाने का अभियान तीस मार्च से शुरू किया था। तब क्षेत्रीय अध्यक्ष कमलेश मिश्रा की मौजूदगी में बिलग्राम, मल्लावां, कछौना, संडीला इलाके के लोगों की ज्वाइनिंग नरेश अग्रवाल ने कराई थी। तब यह बात सामने आई थी कि स्थानीय विधायक से 36 का आंकड़ा रखने वाले लोगो को भाजपा में शामिल कराया गया है। इसके बाद फिर 20 अप्रैल को भी ज्वाइनिंग हुईं। इनमें भी क्षेत्रीय विधायकों की मौजूदगी नहीं रही। अमर उजाला ने दो अप्रैल के अंक में ही इसे लेकर पार्टी में अंदरूनी कलह न बढ़ा दे कुनबा बढ़ाने की कवायद शीर्षक से प्रकाशित की थी।