कार्यकर्ता सम्मेलन में बोलते भाजपा नेता नरेश अग्रवाल
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हरदोई में सरकुलर रोड पर स्थित एक धर्मशाला के मैदान में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में भाजपा नेता नरेश अग्रवाल ने कहा कि यह चुनाव नहीं है। यह धर्म युद्ध है। राम और रावण के बीच का युद्ध है, कृष्ण और कंस के बीच का युद्ध है। एक तरफ वो लोग हैं जिन्होंने अयोध्या में श्रीरामलला की प्रतिष्ठा कराई और एक तरफ वह लोग हैं जो प्राण प्रतिष्ठा का बहिष्कार करते हैं।
शहर के कार्यकर्ताओं के सम्मेलन में नरेश अग्रवाल ने कहा कि जब बेटे नितिन अग्रवाल को जिम्मेदारियां दे रहा था तो मन में कुछ शंकाएं थीं, लेकिन यहां मौजूद लोगों ने बता दिया है कि नितिन उम्मीदों पर खरे उतरे हैं। नरेश अग्रवाल ने कहा कि जब घर का बेटा लायक हो जाए तो उसे जिम्मेदारियां सौंप देना चाहिए। उन्होंने मंच पर मौजूद एक नेता की तरफ इशारा करते हुए कहा कि बड़ा आदमी वह होता है जो गलती स्वीकार करे और फिर उसमें सुधार करे। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमावती, पूर्व अध्यक्ष मुकेश अग्रवाल, वरिष्ठ भाजपा नेता इंद्रेश्वरनाथ गुप्ता, नगर पालिका अध्यक्ष सुख सागर मिश्र मधुर, पूर्व अध्यक्ष उमेश अग्रवाल, डॉ. एपी सिंह, डा. सौरभ दयाल, प्रियम मिश्रा, टिंकू त्रिवेदी भी मौजूद रहे। संचालन नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष राम प्रकाश शुक्ला ने किया।
आबकारी मंत्री बोले : प्रतिनिधि मत बनाना
आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल ने कार्यक्रम में मौजूद सांसद जय प्रकाश से कहा कि उम्र, अनुभव और पद में आप बड़े हैं, लेकिन एक सुझाव है। किसी को भी प्रतिनिधि मत बनाना। प्रतिनिधि तो यह जनता है। बाद में प्रतिनिधि को लेकर नरेश अग्रवाल ने भी जिक्र किया।
वहां हूरें मिलतीं तो यहां कौन काली कलूटी मिलती हैं
कार्यक्रम में मौजूद अल्पसंख्यक कार्यकर्ताओं से नरेश अग्रवाल ने मंच से ही स्वभाव के विपरीत खूब हंसी मजाक किया। दो कार्यकर्ताओं के नाम लेकर कहा कि इनके यहां कहते हैं कि धर्म पर कुरबान हो जाओगे तो हूरें मिलेंगी। यहां कौन काली कलूटी मिलती हैं। स्वर्ग और नर्क दोनों इस धरती पर हैं। उन्होंने कहा कि गलतफहमी में मत रहना जैसा करोगे वैसा भरोगे।