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गंगा मेला में सियासत का तड़का, हर चेहरे पर चढ़ा चुनावी रंग, जानिए फायदा होगा कि नुकसान

Tue, 26 Mar 2019 07:11 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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पीएम मोदी, राहुल गांधी, अखिलेश यादव, मायावती
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गंगा मेला में राजनैतिक दलों के प्रतिनिधि अपने पंडाल (कैंप) में अपने दल के लिए वोट मांग सकते हैं। परमीशन लेने के बाद ही राजनैतिक दलों का पंडाल लगेगा। उन्हें एक बैनर और दो झंडे लगाने की छूट दी गई है। जरूरत पड़ने पर वीडियोग्राफी कराई जाएगी। इसके लिए कमेटी बना दी गई है। यह कमेटी मेला स्थल पर मौजूद रहेगी। 
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इस बार लोकसभा चुनाव के कारण जिला प्रशासन ने राजनैतिक दलों के पंडाल लगाने पर रोक लगाने की बात कही थी। इस पर सभी राजनैतिक दलों ने आपत्ति जताई थी। इसके बाद जिला प्रशासन ने सिटी मजिस्ट्रेट की परमीशन लेने के बाद पंडाल लगाने को कहा था। सोमवार को सभी राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ एडीएम सिटी विवेक कुमार श्रीवास्तव ने बैठक की।
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प्रतिनिधियों ने बताया कि परमीशन के लिए एलआईयू की रिपोर्ट लगवाने में दिक्कत आ रही है। एडीएम सिटी ने एलआईयू रिपोर्ट लगवाने में छूट देते हुए कहा कि वह लोग कोतवाली पुलिस से सीधे रिपोर्ट लगवाते हुए सिटी मजिस्ट्रेट से परमीशन ले लें। दल अपने पंडाल में एक बैनर और दो छोटे झंडे लगा सकते हैं।

मतदाताओं को लालच देने वाली बातें नहीं होनी चाहिए। बैठक में कांग्रेस से संदीप शुक्ला, रालोद से सुरेश गुप्ता, मो. उस्मान, भाजपा से आशुतोष पांडेय, सपा से केके शुक्ला, सोमेंद्र शर्मा, बसपा से जय प्रकाश गौतम, सीपीआई से राम प्रकाश, लोकतांत्रिक जनता दल से प्रदीप यादव, शाकिर अली उस्मानी मौजूद रहे।
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