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यूपी: महिला शिक्षकों ने कहा सेल्फी के लिए बाध्य करना निजता का हनन, प्रेरणा एप का किया विरोध

Wed, 28 Aug 2019 12:42 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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कानपुर देहात के डेरापुर परिषदीय स्कूलों में शिक्षकों की हाजिरी के लिए प्रेरणा एप की अनिवार्यता का विरोध जारी है। मंगलवार को शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष की अध्यक्षता में बीआरसी सभागार में बैठक हुई। शिक्षकों ने प्रेरणा एप पर सेल्फी लेने में बदलाव की मांग की। 
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प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष सूरज सिंह यादव ने कहा कि सरकार को प्रेरणा एप लागू करने व उसके क्रियान्वयन के पूर्व शिक्षकों को मोबाइल व नेट  सुविधा उपलब्ध कराना चाहिए। कहा समय पर वेतन, एरियर भुगतान, सत्यापन कराकर नवीन शिक्षकों का वेतन लगाना, मेडिकल सुविधाएं, रिटायर्ड शिक्षकों के समय पर पेंशन पत्रावली तैयार कर ग्रेच्युटी का भुगतान, महिला शिक्षकों को सीसीएलए मेटरनिटी लीव आदि बेहद जरूरी हैं।
 
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इसके लिए लिए पोर्टल में कोई व्यवस्था नहीं है। जबकि वर्तमान में सेल्फी से उपस्थिति का आदेश जारी कर कर्तव्यनिष्ठा का आंकलन किया जा रहा है। महिला शिक्षकों को सेल्फी के लिए बाध्य करना उनकी निजता का हनन है। उन्होंने प्रेरणा एप का विरोध करते हुए बीआरसी ग्रुप से जुड़े शिक्षकों को एप छोड़ने को कहा।

बैठक खत्म होते होते करीब एक सैकड़ा शिक्षकों ने ग्रुप को छोड़ दिया। उन्होंने प्रेरणा एप के विरोध में चार सितंबर को डीएम कार्यालय में धरना देने की घोषणा की। बैठक में एबीआरसी आदित्य तिवारी, प्रकाश मोहन, भगवान सिंह, इसरार अली, सुरेश चंद्र, श्रीनिवास, राकेश सचान, शिवनारायण सहित करीब एक सैकड़ा शिक्षक मौजूद रहे।
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