गुरुवार को अमेरिकी राष्ट्रपति बाइडन की ताजपोशी और अर्थव्यवस्था में सुधार के लिए भारी भरकम राहत पैकेज की घोषणा के बाद 50 हजार के पार पहुंचे सेंसेक्स ने शहर के निवेशकों की भी बल्ले-बल्ले कर दी। पांच लाख निवेशकों को एक ही दिन में करीब दो हजार करोड़ का फायदा हुआ।
हालांकि शुक्रवार को बाजार में गिरावट देखने को मिली। जानकारों का कहना है कि एक फरवरी को बजट आने तक बाजार में ऐसा ही उथल-पुथल देखने को मिल सकता है। निवेशक लंबे समय की प्लानिंग के साथ ही शेयर बाजार में कूदें। बीएसई और एनएसई ने गुरुवार को लंबी छलांग लगाई थी।
इसके चलते 35 साल बाद सेंसेक्स 50 हजार के ऊपर निकल गया था। सेंसेक्स ने यह आंकड़ा ऐसे समय में छुआ जब कोरोना के चलते अर्थ व्यवस्था की गाड़ी पटरी से उतरी हुई चल रही है। विशेषज्ञ कोराना के टीकाकरण के चलते नये-नये रिकार्ड बनने की संभावना जता रहे हैं।
उनका कहना है कि बड़े शेयरों में गुरुवार को खासी तेजी का रुख रहा। इससे निवेशकों को लाभ भी हुआ लेकिन निवेश संभलकर करने की जरूरत है। निवेश और कंपनी मामलों के जानकार सीएस आदेश टंडन ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय बाजार बेहतर हो रहा है। कोरोना का प्रभाव भी कम हो रहा है।
ऐसे में लोग निवेश भी कर रहे हैं। रुपये में भी मजबूती देखने को मिल रही है। निवेश मामलों के जानकार सीएस अंकुर श्रीवास्तव ने बताया कि सेंसेक्स के नई ऊंचाई पर पहुंचने से शहर के करीब पांच लाख निवेशकों को एक ही दिन में अच्छा फायदा हुआ है। बजट आने में कुछ दिन ही शेष हैं। ऐसे में बाजार में एकदम तेजी या गिरावट देखने को मिल सकती है।