कानपुर। शहर के 100 से ज्यादा मोहल्लों में पीएनजी की लाइन बिछी होने के बाद भी महज 1.30 लाख घरों ने ही कनेक्शन लिए हैं। इन मोहल्लों करीब सात लाख मकान हैं। आधे शहर में सुविधा होने के बावजूद अधिकतर लोगों ने कनेक्शन लेने में रुचि नहीं दिखाई। यही लोग अब सिलिंडर के लिए एजेंसियों के बाहर लाइन लगा रहे हैं।
ईरान और अमेरिका-इस्रायल के बीच चल रहे युद्ध के कारण एलपीजी संकट गहराने लगा है। 15 दिन से गैस एजेंसियों के बाहर लंबी लाइनें लग रही हैं। गैस एजेंसियों के बाहर मारामारी को देखते हुए सरकार ने साफ आदेश दिया है कि जिन इलाकों में पीएनजी लाइन बिछी है, वहां के उपभोक्ताओं को तीन महीने के भीतर कनेक्शन लेना होगा। ऐसा न करने पर एलपीजी सिलिंडर मिलना बंद कर दिया जाएगा। इस फरमान के बाद पीएनजी कनेक्शन के लिए आने वाले आवेदनों की संख्या बढ़ गई है।
कल्याणपुर, गुरुदेव, रावतपुर, विष्णुपुरी, नवाबगंज, आर्यनगर, स्वरूपनगर, चुन्नीगंज, तिलकनगर, चमनगंज, फजलगंज, कौशलपुरी, किदवईनगर, यशोदानगर, कोयलानगर, पनकी, शताब्दीनगर, रतनलाल नगर में पीएनजी की पाइप लाइन बिछी है। सबसे ज्यादा कनेक्शन आर्यनगर, स्वरूपनगर, किदवईनगर के घरों में है। इन घरों में रोजाना करीब 54 हजार स्टैंडर्ड क्यूबिक मीटर गैस की खपत होती है।
महज 15 दिनों में करीब 400 आवेदन सीयूजीएल कंपनी के पास आए हैं। 40 से 50 घरों में कनेक्शन भी जारी किए जा चुके हैं। कंपनी के मैनेजर ने बताया कि आवेदन के एक हफ्ते के भीतर कनेक्शन दिया जा रहा है। जिन इलाकों में लाइन नहीं बिछी हैं वहां से ज्यादा आवेदन आने पर पाइप लाइन बिछाई जाएगी। घरेलू उपभोक्ताओं के साथ औद्योगिक इकाइयां भी पीएनजी का रुख कर रही हैं। औद्योगिक क्षेत्र की करीब 60 से अधिक इकाइयों में रोज 65 हजार स्टैंडर्ड क्यूबिक मीटर गैस की खपत होती है। 15 दिनों में 50 इकाइयों ने आवेदन किया है, जिनमें 10 को कनेक्शन मिल चुका है। सीयूजीएल की मैनेजर मुही खान ने बताया कि समस्या को देखते हुए सिक्योरिटी फीस के दाम कम किए गए हैं। पहले नए कनेक्शन के लिए सात हजार रुपये देने पड़ते थे। वहीं, अब दो हजार की छूट दी जा रही है। यह ऑफर 31 मार्च तक है।
पीएनजी के फायदे और आवेदन का तरीकापाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) घरों और उद्योगों में पाइपलाइन के जरिये सीधे पहुंचाई जाने वाली प्राकृतिक गैस है। यह एलपीजी से 20 से 30 प्रतिशत सस्ती, सुरक्षित (हवा से हल्की होने के कारण ऊपर उड़ जाती है) और पर्यावरण के अनुकूल है। पीएनजी में गैस चोरी की शिकायत नहीं रहती। कनेक्शन के लिए वेबसाइट (www.gglonline.net) पर या सीयूजीएल केयर एप से आवेदन कर सकते हैं। नाम, पता, मकान नंबर, आधार और मोबाइल नंबर जैसी जानकारियां दर्ज करानी होगी। इसके बाद कंपनी आवेदक से संपर्क करेगी। एप के माध्यम से उपभोक्ता अपना बिल खुद निकाल सकते हैं।