रेलवे लाइन पार करते समय बुधवार सुबह बुजुर्ग की ट्रेन की चपेट में आने से 61 वर्षीय नरेश सिंह की मौत हो गई। जीआरपी ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। खागा कोतवाली क्षेत्र के संवत गांव निवासी नरेश सिंह परिवार के साथ पिछले करीब 25 वर्ष से प्रयागराज में रहते थे। उनके दो पुत्र आकाश उर्फ मिंटू और शनी सिंह गुड़गांव व दिल्ली में निजी कंपनी में इंजीनियर हैं। परिजन के अनुसार, नरेश सिंह गांव में खेत की देखभाल को आते थे।
वह एक सप्ताह पहले गांव संवत आए थे। जहां से प्रयागराज जाने के लिए निकले थे। वह खागा रेलवे स्टेशन पर पूर्वी प्लेटफार्म से डाउन ट्रैक पार कर रहे थे। इसी दौरान प्रयागराज की ओर से आई हमसफर एक्सप्रेस की चपेट में आ गए। कपड़ों की तलाशी में जेब से मिले आधार कार्ड के जरिए परिजन को पुलिस ने हादसे की जानकारी दी। जीआरपी चौकी प्रभारी दिग्विजय सिंह ने बताया कि मृतक के पुत्र आकाश ने शव की पहचान की है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
ट्रेन से कटकर युवक की मौत
रेलवे स्टेशन के पास मंगलवार रात करीब 45 वर्षीय युवक की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। जीआरपी के अनुसार, युवक ने रंग की हाफ टी-शर्ट पहन रखी थी। शव की पहचान नहीं हो सकी है। स्थानीय लोगों के अनुसार, युवक मानसिक रूप से अस्वस्थ प्रतीत होता था और पिछले दो दिनों से रेलवे स्टेशन के आसपास घूम रहा था। जीआरपी शव की पहचान की कोशिश में जुटी है।