उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद में एक सिरफिरे ने 23 बच्चों को बंधक बनाने के मामले में ग्रामीणों की पिटाई से घायल हुई आरोपी की पत्नी ने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया है। मामले में आरोपी और उसकी पत्नी की मौत हुई है।
दरअसल, कथरिया गांव में गुरुवार को सुभाष बाथम की बेटी गौरी (5) का जन्मदिन था। सुभाष ने बेटी के जन्मदिन को धूमधाम से मनाने का निर्णय किया। उसने मोहल्ले के 21 बच्चों को आमंत्रित किया। बच्चों ने जन्मदिन मनाया। फिर इन बच्चों को बाथम ने शाम चार बजे तहखाने में बंद कर दिया।
इसके बाद शराब के नशे में छत पर चढ़ गया। वहां वह चीखने लगा कि अब उसे पुलिस से पकड़वाने का नतीजा भुगतना पड़ेगा। गांव वालों की सूचना पर कोतवाल फोर्स के साथ पहुंचे।
उन्होंने सुभाष को बाहर निकलने के लिए कहा तो वह तमंचा ले आया और पुलिस को ललकारते हुए फायरिंग करने लगा। चार-पांच फायर करने के बाद हथगोला फेंका। घटना से गांव में दहशत फैल गई।