ताखा। सहकारी समिति पर खाद न मिलने से परेशान किसान ने सोमवार दोपहर समिति परिसर में पेड़ पर फंदे से लटक जान देने की कोशिश की। तैनात पुलिसकर्मियों ने किसान को फंदा लगाने से रोककर उसे खाद दिलाई। किसान का आरोप है कि वह चार दिन से कतार में लग रहा था, लेकिन उसे खाद नहीं दी जा रही थी। वहीं प्रभारी सचिव ने फंदा लगाने की जानकारी से इंकार किया है।
नगला बले निवासी किसान विमलेश कुमार ने बताया कि उसके पास लगभग 12 बीघा खेत है। उसमें धान की बोआई की है। अब खाद की आवश्यकता है। खाद लेने के लिए चार दिनों से ताखा सहकारी समिति पर सुबह से लाइन लगा रहा था, जब नंबर आता था खाद खत्म होने की बात कह दी जाती थी। किसान ने आरोप लगाया कि सोमवार को वह लाइन में लगा था। इस दौरान समिति पर तैनात कर्मचारियों ने उसे लाइन से बाहर कर भगा दिया। उसके कागज भी फाड़ दिए। इससे क्षुब्ध होकर समिति परिसर में ही खड़े पाकड़ के पेड़ पर फंदा लगाकर आत्महत्या का प्रयास किया। फंदा लगा रहे किसान को देखकर खलबली मच गई। आनन-फानन में पुलिसकर्मियों ने किसान को रोका। प्रभारी सचिव सत्यम कुमार ने बताया कि चार दिनों से प्रतिदिन खाद बांटी जा रही है। किसान विमलेश सोमवार को पहली बार आया था। लाइन लगी थी और यह किसान लाइन में न लगकर आगे आकर कागज जमा करने लगा था। इस पर पीछे शोर होने लगा। किसान से लाइन में लगने की बात कही थी। फंदा लगाने की जानकारी नहीं है।