यूपी के महोबा जिले में अधिग्रहीत भूमि के मुआवजा के लिए 14 दिन से बेमियादी अनशन पर बैठे किसान की बृहस्पतिवार की रात तबीयत बिगड़ गई। अस्पताल ले जाते समय किसान की मौत हो गई, जबकि एक अन्य किसान की हालत बिगड़ने पर उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उधर, जिला प्रशासन बीमारी के चलते किसान की घर में मौत होने का दावा कर रहा है।
अर्जुन सहायक परियोजना के तहत अधिग्रहीत की गई भूमि का सर्किल रेट के अनुसार चार गुना मुआवजा देने की किसान मांग कर रहे हैं। भाकियू (भारतीय किसान यूनियन) हमीरपुर जिलाध्यक्ष निरंजन सिंह राजपूत के नेतृत्व में कबरई कस्बे के आधा सैकड़ा किसानों ने 11 अगस्त से शहर के आल्हा चौक स्थित अंबेडकर पार्क में बेमियादी अनशन शुरू किया था।
किसानों ने पार्क में ही तंबू बनाकर सुबह-शाम भोजन बनाकर खाते थे। किसान नेताओं का आरोप है कि प्रशासन ने मामले के निस्तारण में कोई रुचि नहीं दिखाई। 11 अगस्त से अनशन में शामिल कबरई के मोहल्ला गांधीनगर निवासी मइयादीन कुशवाहा (70) की बृहस्पतिवार रात 11 बजे अनशन स्थल पर हालत बिगड़ गई। अन्य किसान मइयादीन को जिला अस्पताल ले जाने लगे, पर रास्ते में उनकी मौत हो गई।