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बेटी की शादी से पहले किसान की मौत 

Sun, 11 Jun 2017 10:27 PM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर

सार

-आठ दिन पहले शादी के लिए रुपये का इंतजाम करने निकला था किसान 
-गांव के बाहर एक खेत की झाड़ियों में क्षत विक्षत अवस्था में मिला शव
-घटना स्थल पर सल्फास की डिब्बी पड़ी मिलने से जहर खाने का अंदेशा   
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दुल्हन की डेमो पिक, (दाएं) मृतक किसान की तस्वीर
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विस्तार
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बेटी की शादी के लिए रुपये जुटाने की व्यवस्था करने में लगे किसान का शव खेत पर पड़ा मिला। शव करीब दो दिन पुराना होने से उससे बदबू उठ रही थी। जंगली जानवरों ने शव को क्षत विक्षत कर दिया था। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है। 
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हमीरपुर जिले की राठ कोतवाली के अमगांव निवासी किसान रामनारायन (55) पुत्र प्यारेलाल लोधी के पास करीब 13 बीघा जमीन थी। परिवार में पत्नी किरन, शिक्षा, प्रीति और जूली तथा एक पुत्र आशु है। शिक्षा और प्रीति की शादी हो चुकी हैं। सबसे छोटी पुत्री जूली की दो जुलाई की शादी तय  है। किसान के पुत्र आशु ने बताया कि तीन जून की दोपहर पिता घर से यह कहकर निकले थे कि वह शादी के लिए रुपयों का प्रबंध करने राठ जा रहे हैं। इसके बाद वह घर नहीं लौटे। उनकी तलाश करते रहे पर कहीं पता नहीं चला। रविवार की सुबह करीब पांच बजे ग्रामीणों ने एक खेत में झाड़ियों के बीच से क्षत विक्षत शव देखा तो किसान के परिजनों को बताया। शव को जंगली जानवरों ने शव को क्षत विक्षत कर दिया था। शव के पास सल्फास की गोलियां और खाली डिब्बी पड़ी थी, जिससे माना जा रहा है उसने आत्महत्या की है। 

बैंक और साहूकारों के कर्ज के बोझ तले दबा था किसान
मृतक किसान के ऊपर बैँकों और साहूकारों का करीब तीन लाख रुपये पहले से ही कर्ज था। किसान के चचेरे भाई राजेंद्र लोधी ने बताया कि रामनारायन ने इलाहाबाद बैँक का 83 हजार 944 और भारतीय स्टेट बैंक कृषि विकास शाखा का 50 हजार का कर्ज था। पिछले कई सालों से फसल न होने के कारण रामनारायन कर्ज नहीं चुका पा रहा था। बताया कि बैंकों के कर्ज के अलावा दो और लोगों का भी कर्ज था।
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दो जुलाई को है छोटी बेटी की शादी
किसान रामनारायन लोधी को अपनी सबसे छोटी बेटी जूली की आगामी दो जुलाई की शादी करनी थी, जिसका संबंध उसने टोलारावत गांव कर दिया था। घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं। पर शादी के लिए रुपयों की व्यवस्था न होने के कारण किसान पिछले एक पखवारे से भटक रहा था। किसान के पुत्र आशु ने बताया कि 10 जून तिलक लेकर जाना था। बताया कि शादी के लिए एक साहूकार ने कुछ कर्ज देने की बात कही थी। परंतु ऐनवक्त पर उसने कर्ज देने से मना कर दिया। जिससे पिता परेशान हो उठे। पत्नी किरन और बेटी जूली का रोरोकर बुरा हाल है। किसान की मौत पर घर पर सांत्वना देने वालों का तांता लगा हुआ था। 
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