फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kanpur News: सिकंदरा में पकड़ा नकली डामर बनाने का प्लांट

Thu, 19 Jun 2025 01:37 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
विज्ञापन
विज्ञापन
कानपुर देहात। सिकंदरा के खोजाफूल में बुधवार को डीएम की गठित टीम ने नकली डामर निर्माण प्लांट पकड़ा। टीम को मौके से ट्रक, ट्रैक्टर, मिक्सिंग मशीन, डामर व मारबल पाॅउडर मिला। जिसे सीज कर दिया गया। किराये पर ली गई दो दुकानें भी सील की गई हैं। जबकि कारोबारी हत्थे नहीं चढ़ा और काम कर रहे श्रमिक भी फरार हो गए। जिनकी तलाश की जा रही है।
विज्ञापन

सिकंदरा के खोजाफूल में हाईवे के करीब मारबल पाॅउडर में कच्चा तेल व केमिकल आदि मिलाकर नकली डामर बनाने का कारोबार हो रहा था। इसकी जानकारी बुधवार को डीएम आलोक सिंह को मिली। इसपर उन्होंने उपायुक्त उद्योग मोहम्मद सऊद, लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता सहिबे आलम, आरईडी के सहायक अभियंता योगेंद्र शर्मा व नायब तहसीलदार अकबरपुर रवींद्र कुमार मिश्र की टीम गठित की। दोपहर में राजस्थान के आरटीओ पंजीयन नंबर के ट्रक से मारबल पाउडर की बोरियां उतारी जा रही थीं। छापामारी हुई तो श्रमिक फरार हो गए। कारोबारी भी हत्थे नहीं चढ़ा।
मौके से भारी मात्रा में नकली डामर सामग्री, कच्चा तेल, केमिकल, मिक्सर मशीन, एक ट्रैक्टर व ट्रक मिला। इसे सीज कर पुलिस के सुपुर्द किया गया है। जबकि किराये पर ली गई दो दुकानों को सील कर दिया गया। टीम की प्रारंभिक जांच में सामने आया कि औरैया निवासी जितेंद्र गुप्ता बिना लाइसेंस, पर्यावरणीय स्वीकृति एवं सुरक्षा मानकों के अवैध प्लांट चला रहा था। दो दुकानें व प्लांट स्थल किराये पर लिया गया है। काम की देखरेख खोजाफूल गांव निवासी श्याम शर्मा करता है।
विज्ञापन

...................
वर्जन............
नकली डामर निर्माण प्लांट की मशीनें, सामग्री व वाहन सीज कर पुलिस के सुपुर्द किए गए हैं। दोनों दुकानें बंद थीं। इन्हें सील कर दिया गया है। छापामारी होने पर श्रमिक व देखरेख करने वाले फरार हो गए। कारोबारी भी नहीं मिला। दुकान मालिक ने कारोबारी के संबंध में जानकारी मिली है। डीएम को रिपोर्ट सौंपी जाएगी। उनके निर्देशानुसार कार्यवाही होगी। - रवींद्र कुमार मिश्र, नायब तहसीलदार अकबरपुर।
..................
जनपद में किसी भी प्रकार की अवैध, मानकविहीन और जनहित के विरुद्ध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। लगातार निगरानी की जा रही है। गठित टीम की रिपोर्ट मिलने पर संबंधित पर नियमानुसार कार्यवाही की जाएगी। - आलोक सिंह, डीएम
..............
प्रति माह एक करोड़ का होता था अवैध कारोबार
कानपुर देहात। खोजाफूल में नकली डामर बनाने अवैध कारोबार करीब एक साल से चल रहा था। वह राजस्थान से मारबल पाउडर खेप मंगवाता था। प्रति माह करीब एक करोड़ का अवैध कारोबार होता था।
छापा मारने वाली टीम की प्रारंभिक छानबीन में सामने आया कि तैयार नकली डामर आसपास के जिलों में सड़क निर्माण में लगे ठेकेदारों को बेचा जाता था। इससे मोटी कमाई की जा रही थी। इस पड़ताल से साफ है कि नकली डामर का प्रयोग सड़क निर्माण में हो रहा था। कारोबारी औरैया निवासी कारोबारी के पकड़े जाने के बाद ही राज खुलेगा कि उसने किन ठेकेदारों को नकली डामर बेचा। उसने एक साल पहले यहां दो दुकानें व खाली जमीन किराए पर ली थी। इसके बाद से वह हर माह करीब एक करोड़ का कारोबार कर रहा था।
दुकान मालिक अनिल बाजपेयी ने छापामार टीम को बताया कि दोनों दुकानें 3200 रुपये प्रतिमाह के किराये पर दी थीं। वहीं सुरेश बाबू ने बताया कि जितेंद्र गुप्ता प्लांट लगाने वाली जगह का प्रति माह 11 हजार रुपया किराया देता है। कारोबारी कभी कभार ही आता था। नायब तहसीलदार अकबरपुर रवींद्र कुमार मिश्र ने बताया कि नकली डामर बनाकर सड़क निर्माण के लगे ठेकेदारों को बेचा जाता था। इससे अवैध कमाई की जा रही थी।
...............
प्लांट में बना मिला करीब दो टन नकली डामर
छापामार टीम को प्लांट में करीब दो टन नकली डामर मिला है। वहीं ट्रक में करीब 100 बोरी मारबल पाॅउडर रखा था। बोरी बंद मारबल पाउडर की कुछ बोरिया उतार ली गई थीं। दुकानों में तालाबंद होने से अंदर कितना तैयार या कच्चा माल रखा है यह पता नहीं चल सका है। हाईवे के करीब स्थल अवैध कारोबार के लिए चुना गया। आसपास के लोगों को यहां नकली डामर बनता है इसकी भनक नहीं थी। इसी वजह से करीब एक वर्ष से यह अवैध धंधा फलफूल रहा था।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें