कानपुर। देश इंजीनियरिंग के क्षेत्र में लगातार तरक्की कर रहा है। आजादी के समय सिर्फ 38 इंजीनियरिंग कॉलेज थे, जहां से 300 इंजीनियर निकलते थे। अब हर साल 15 लाख इंजीनियर बन रहे हैं। यह बात उप्र वस्त्र प्रौद्योगिकी संस्थान (यूपीटीटीआई) में प्लेसमेंट सेल और द इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियर्स इंडिया कानपुर की ओर से आयोजित रायल चाटर्ड डे में मुख्य वक्ता संस्थान के वरिष्ठ वैज्ञानिक प्रो. मुकेश कुमार सिंह ने कही।
उन्होंने कहा कि भारत दुनिया का चौथा सबसे बड़ा रेल नेटवर्क है, जिसके 99.3 फीसदी भाग का विद्युतीकरण हो चुकी है। आठ हजार रेल कोच निर्माण कर भारत चीन के बाद दूसरे स्थान पर है। मुख्य अतिथि प्रो. गोपाल दीक्षित ने कहा कि विश्व की कुल वैक्सीन का 60 फीसदी निर्माण कर भारत निर्यात करता है। देश में 400 से अधिक स्टार्टअप हैं। प्रो. आलोक कुमार, विवेक अस्थाना, डॉ. प्रदीप कुमार, आरके श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।