देर शाम वह नशे की हालत में घर आया। इस दौरान बिजली न होने की वजह से मां, भाई मनोज और उसकी पत्नी-बच्चे छत पर थे। परिजनों के अनुसार, रात लगभग नौ बजे शिवप्रताप छत पर गया और मां से फिर रुपये मांगने लगा। मना करने पर वह झगड़ने लगा। भाई मनोज के बोलने पर तमंचा निकालकर लहराने लगा। परिजन उसे रोक रहे थे कि अचानक गोली चल गई, जो मां की पीठ में लग गई। इससे हड़कंप मच गया। आरोपी मौके से फरार हो गया, जबकि बड़ा भाई मां को सैफई लेकर गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।