गांव के करीब 10 किसानों की 30 बीघा के आसपास फसल डूबना बताया जा रहा है। किसानों का कहना है कि जब भी पानी छोड़ा जाता है, कहीं न कहीं पर पटरी फट जाती है। इसमें कई किसानों की फसल डूब जाती है। किसानों ने बताया कि विभागीय कर्मचारियों की लापरवाही से यह नुकसान हुआ है।
उन्होंने बताया कि उनकी गेहूं, चना व मसूर की फसल डूबी है। किसान देवीदीन ने बताया कि पांच बीघा गेहूं और तीन बीघा चना की फसल डूबी है। गया साहू ने भी करीब दो से पांच बीघा तक फसल डूबने से नुकसान की आशंका जताई है। ग्रामीणों ने जिला स्तरीय अफसरों से नुकसान का मुआवजा दिलाने की मांग की है।