मोहम्मदाबाद क्षेत्र के गांव करथिया में बंधक बनाए गए बच्चों को सकुशल मुक्त कराने के लिए मुख्यमंत्री ने प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों को पुरस्कृत किया था। जिलाधिकारी ने पुरस्कार के मिले 50 हजार रुपये मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष में वापस कर दिए।
करथिया के बंधक बनाए गए बच्चों को सकुशल मुक्त कराकर शातिर सुभाष बाथम को मौत के घाट उतार दिया गया था। इस पर मुख्यमंत्री ने बच्चों को सम्मानित करने के साथ अधिकारियों को 10 लाख रुपये का पुरस्कार दिया था।
इसमें जिलाधिकारी मानवेंद्र सिंह को भी पुरस्कार के 50 हजार रुपये मिले थे। जिलाधिकारी ने बताया कि उनकी इच्छा है कि यह धनराशि गरीब व पीड़ित लोगों की मदद में लगाई जाए।
मुख्यमंत्री द्वारा उनके लिए पुरस्कार की घोषणा किया जाना ही महत्वपूर्ण है। इससे उन्होंने पुरस्कार धनराशि को मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष में वापस कर दी है।