‘मैं अपनी पत्नी से परेशान हूं। उसे खुश नहीं रख पा रहा। मेरी मौत के बाद वह जहां चाहे जाए। दहेज में मिले 10 हजार रुपये भी ससुराल को वापस कर दिए जाएं। अलबत्ता एक वर्ष का बेटा किसी हालत में पत्नी को मत देना’। ट्रेन के आगे छलांग लगाकर खुदकुशी करने से पहले युवक ने यह सुसाइड नोट छोड़ा है।
बांदा के हरसन थोक मोहल्ला निवासी रामनारायण उर्फ भोला (23) पुत्र रामआसरे अनुरागी ने बृहस्पतिवार को तड़के कस्बे से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर रेलवे ट्रैक पर कानपुर जा रही पैसेंजर ट्रेन के आगे छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली। जिससे उसके जिस्म के परखच्चे उड़ गए। नजदीक में खड़ी उसकी बाइक पर चाभी के साथ उसका लिखा सुसाइड नोट बरामद हुआ।
इसमें कहा गया है कि वह अपनी पत्नी (राधारानी) से बेहद परेशान है। उसे खुश नहीं रख पा रहा। रामनारायण ने यह भी लिखा कि उसके एक वर्षीय पुत्र आशुतोष को किसी हालत में उसकी पत्नी को न सौंपा जाए। बल्कि शादी में दहेज के तौर पर मिले 10 हजार रुपये ससुराल वालों को लौटा दिए जाएं। यह भी लिखा है कि पत्नी जहां चाहे उसे जाने दिया जाए। वह अपनी मौत का खुद जिम्मेदार है। किसी को इसमें परेशान न किया जाए।
रामनारायण तड़के करीब साढ़े चार बजे घर से बाइक पर निकला था। साढ़े पांच बजे के आसपास ट्रेन के आगे छलांग लगा दी। शादी करीब दो वर्ष पहले तिंदवारा (शहर कोतवाली) गांव में हुई थी। वह तीन भाइयों में दूसरे नंबर का था। सिलाई (टेलरिंग) करता था। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया। थानाध्यक्ष अनीता सिंह चौहान ने बताया कि मामला आत्महत्या का है।